नेशनल फॉरेंसिक साइंस यूनिवर्सिटी को कैंपस के लिए जमीन देने के संबंध में हाईकोर्ट की खंडपीठ ने राज्य सरकार से मंशा स्पष्ट करने के लिए कहा है। वहीं फरवरी के प्रथम सप्ताह तक प्रताप नगर में चल रहे यूनिवर्सिटी कैंपस में संसाधनों व कोर्स का ब्योरा भी देने के निर्देश दिए। एक्टिंग सीजे संजीव प्रकाश शर्मा व जस्टिस संगीता शर्मा की खंडपीठ ने यह आदेश विधि विज्ञान लैब्स में आधारभूत सुविधाओं की कमी पर लिए स्वप्रेरित प्रसंज्ञान मामले में दिया। 2 करोड़ रुपए में 40-50 एकड़ जमीन दिलवाई जाए सुनवाई के दौरान खंडपीठ के सामने आया कि जेडीए ने दौलतपुरा में यूनिवर्सिटी को 12.47 हेक्टेयर जमीन आवंटित की और इसके बदले 63 करोड़ रुपए से ज्यादा राशि लेने की बात कह रहा है, जबकि यूनिवर्सिटी कह चुका है कि वह देशभर में 12 कैंपस और दो अकादमी संचालित कर रहा है। संबंधित राज्यों ने उन्हें मुफ्त जमीन दी है। इसलिए उन्हें भी अधिकतम 2 करोड़ रुपए में 40-50 एकड़ जमीन दिलवाई जाएं। न्यायमित्र पंकज गुप्ता ने कहा कि जेडीए व यूनिवर्सिटी के बीच में तालमेल की कमी है, इसलिए यहां कैंपस नहीं बन पा रहा है।


