भास्कर न्यूज़|लोहरदगा जिले में शुक्रवार को दिनभर शीतलहरी हवाओं का प्रवाह जारी रहा। खुले आसमान के साथ साथ सुबह शाम घनघोर कुहासा भी अपना कहर बरसाये रखी। सुबह लगभग 9 बजे तक कुहासा छाया रहा। बिजिविलिटी लगभग सौ मीटर रही। सुबह 10 बजे के बाद धूप में गर्मी मिली। वहीं शाम होते ही पुनः 6 बजे से ठंड बढ़ गई। शीतलहरी हवाओं के प्रवाह के साथ कुहासा से विजिबिलिटी काफी कम हो गई। हवाओं ने लोगों के ठंड को दोगुनी कर दी। शहरी क्षेत्र से लेकर ग्रामीण क्षेत्र के लोग ठंड की गिरफ्त में दबे रहे। बीती रात कई क्षेत्रों में जोरदार कुहासा गिरने से ठंड में काफी बढ़ोतरी हो गई है। लगातार गिर रहे तापमान ने लोगों को ठिठुरने को विवश कर दिया है। शुक्रवार को जिले में न्यूनतम 7 से 8 डिग्री तापमान रहा। वहीं अधिकतम तापमान 19 से 20 डिग्री पर टिका रहा। ठंड के कारण लोगों की दिनचर्या की रूटीन देर से शुरू हो रही है। लोग ज्यादातर अपने घर व स्वयं से की गई अलाव पर बिता रहे हैं। जिलेभर में अभीतक कंबल उपलब्ध नहीं कराया गया है। खानापूर्ति के तहत नप क्षेत्र में अलाव की व्यस्था की जा रही है। बढ़ी ठंड के बीच सुबह 9 बजे तक तो शाम होते ही 7 बजे के बाद भारी कुहासा का प्रकोप बढ़ गया है। इससे आवागमन करने वाले वाहन चालकों को सड़कों पर चलने में परेशानी आ रही है। खासकर अगले सुबह मॉर्निंग वॉक पर निकलने वाले लोगों को अब वाहन चालकों के बीच कुहासे की वजह से विजिबिलिटी कम हो गई है, जिससे दुर्घटना की भी आशंका बढ़ गई है।षि वैज्ञानिक डॉक्टर शंकर कुमार सिंह ने बताया कि लोहरदगा का तापमान आगे ओर भी कम हो सकता है।


