भोपाल के अयोध्या बायपास पर 81 हजार पौधे रोपेगा NHAI:2075 पेड़ों के लिए बदला प्लान; सेंट्रल वर्ज 1.5 मीटर की रहेगी

भोपाल के आसाराम चौराहा से रत्नागिरि तिराहे तक 16 किमी लंबे अयोध्या बायपास में जिन पेड़ों को काटा जाएगा, उसके बदले नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) 81 हजार पौधे रोपेगा। दूसरी ओर, 10 लेन करने के प्रोजेक्ट में सेंट्रल वर्ज की चौड़ाई को 5 मीटर से घटाकर 1.5 मीटर किया जा रहा है। यह बदलाव सिर्फ उस इलाके में होगा, जहां हरियाली है। ऐसा करने से 2075 पेड़ बचेंगे। नेशनल ग्रीन ट्रूबनल (एनजीटी) के निर्देश पर बनी हाई पावर कमेटी के निर्देश के बाद एनएचएआई ने अपना प्लान बदला है। दूसरी ओर, वह 10 लेन सड़क में करीब 10 लाख टन सूटेबल सॉलिड वेस्ट का इस्तेमाल करेगा। इसके लिए भोपाल नगर निगम से डिमांड भी की गई है। इन जगहों पर लगेंगे पौधे दोनों ओर दो-दो सर्विस लेन भी बनेगी
यह सड़क दस लेन होगी। मुख्य सड़क सिक्सलेन होगा, जबकि इसके दोनों तरफ 2-2 लेन सर्विस रोड बनेगी। यह भी एनएचएआई ही बनाएगा। इससे कॉलोनी के लोगों को आने-जाने में आसानी होगी। हर रोज गुजरते हैं 40 हजार वाहन
एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर देवांश नुवल ने बताया कि अयोध्या बायपास की 40 हजार वाहन की क्षमता है, जबकि वर्तमान में यह आंकड़ा 45 हजार प्रतिदिन है। आसपास विकसित हो रही आवासीय कॉलोनियों से यातायात सीधे मुख्य मार्ग पर आने के कारण इस खंड पर यातायात दबाव बढ़ता जा रहा है। दुर्घटना की आशंका भी बनी रहती है। इस मार्ग पर वर्तमान में तीन ब्लैक स्पॉट्स चिह्नित किए गए हैं। ताकि, हादसे कम हो। सड़क के दोनों ओर सर्विस रोड का निर्माण किया जा रहा है। जिससे कॉलोनियों से आने-जाने वाले स्थानीय वाहनों को पृथक मार्ग उपलब्ध होगा और मुख्य कैरिज-वे पर यातायात दबाव कम होगा। पूरे बायपास को छह लेन में विकसित किया जा रहा है। इसका डिजाइन इस प्रकार तैयार किया गया है कि यह वर्ष 2050 तक के अनुमानित यातायात दबाव को सुचारु रूप से संभाल सके। बेहतर एवं चौड़ी सड़क उपलब्ध होने से यात्रा समय में कमी, ईंधन की बचत और प्रदूषण में कमी आएगी। पहले 50 हजार पौधे रोप चुका एनएचएआई
पिछले मानसून सत्र में भोपाल के समीप झिरनिया ग्राम के पास सोनकच्छ टोल प्लाजा क्षेत्र में लगभग 50 हजार पौधे मियावाकी तकनीक से लगाए गए थे, जो वर्तमान में 10–12 फीट तक विकसित हो चुके हैं। यह पौधारोपण कम्पेन्सेटरी अफॉरेस्टेशन का भाग नहीं, बल्कि ग्रीन हाईवे पहल के अंतर्गत NHAI की नियमित जिम्मेदारी के तहत किया गया था। इसी साल अगस्त में कॉन्ट्रैक्ट
एनएचएआई के मुताबिक, दिसंबर 2024 में टेंडर फाइनल हुआ। 11 अगस्त 2025 को कॉन्ट्रैक्ट हो गया था। इसके बाद पेड़ कटाई मामला चलता रहा। आखिरकार अब काम तेजी से आगे बढ़ रहा है। प्रोजेक्ट से यह फायदा
शहरी ट्रैफिक के अलावा विदिशा, रायसेन, नर्मदापुरम और इंदौर से आने-जाने वाला भारी ट्रैफिक इसी पर चलता है। बायपास पर अक्सर जाम और हादसे होते हैं। छह लेन सड़क बनने से हर रोज लाखों राहगीरों को बड़ा फायदा मिलेगा। इस लेन पर 3 बड़े फ्लाईओवर, करोंद, पीपुल्स मॉल और मीनाल के पास बनेंगे। कुल लागत 836.91 करोड़ रुपए है और 2 साल में काम पूरा होना है। बायपास करीब 16 किलोमीटर लंबा है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *