सीधी जिले की मझौली नगर पंचायत में चुनावी माहौल गरमा गया है। हाल ही में कांग्रेस का दामन थामने वाले मार्तंड चतुर्वेदी ने मंगलवार शाम एक प्रेस वार्ता के दौरान भाजपा विधायक कुंवर सिंह टेकाम और नगर पंचायत प्रत्याशी लवकेश सिंह पर प्रताड़ना और पुलिस के दुरुपयोग के आरोप लगाए हैं। मार्तंड चतुर्वेदी ने आरोप लगाया कि जब से शंकर गुप्ता मझौली नगर पंचायत के अध्यक्ष बने हैं, तब से भाजपा प्रत्याशी लवकेश सिंह और उनके समर्थक उन्हें काम नहीं करने दे रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि शंकर गुप्ता के साथ मारपीट की गई, लेकिन विधायक के दबाव में आकर पुलिस ने उल्टा अध्यक्ष के साथियों के खिलाफ ही मामला दर्ज कर लिया। कोर्ट की लड़ाई और ‘फर्जी’ एफिडेविट का आरोप चतुर्वेदी ने एक बड़ा दावा किया कि लवकेश सिंह ने जिला न्यायालय में ‘फर्जी एफिडेविट’ पेश कर चुनाव को चुनौती दी थी, जिसके आधार पर शुरुआत में चुनाव शून्य घोषित हो गया था। हालांकि, बाद में उच्च न्यायालय ने शंकर गुप्ता के पक्ष में फैसला सुनाते हुए उन्हें नगर पंचायत अध्यक्ष के पद पर बहाल कर दिया। पुलिस की चुप्पी पर सवाल कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि शंकर गुप्ता की जीत के बाद विधायक के इशारे पर लवकेश सिंह ने नगर परिषद क्षेत्र में रैली निकाली। आरोप है कि इस रैली के दौरान जानबूझकर अध्यक्ष के घर के सामने हुल्लड़बाजी की गई, अश्लील गाने बजाए गए और अभद्र भाषा का प्रयोग किया गया। चतुर्वेदी का कहना है कि पुलिस ने इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की, जिससे कानून-व्यवस्था पर सवाल उठते हैं। दमन की राजनीति के खिलाफ कांग्रेस में शामिल मार्तंड चतुर्वेदी ने स्पष्ट किया कि उन्होंने भाजपा की ‘दबाव और दमन’ की राजनीति से तंग आकर कांग्रेस की सदस्यता ली है। उन्होंने ऐलान किया कि आगामी नगर परिषद अध्यक्ष चुनाव में वे कांग्रेस की ओर से मजबूती से चुनाव मैदान में उतरेंगे। इस दौरान कांग्रेस के कई वरिष्ठ पदाधिकारी भी मौजूद रहे।


