भास्कर संवाददाता| विदिशा इंद्रप्रस्थ कॉलोनी में रहने वाले शुभम चौबे (नंदू ) 28 साल की शनिवार की रात 8.30 बजे चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई।साफ-स्वच्छ छवि के युवा की हत्या को लेकर लोगों ने रविवार की दोपहर 3 बजे अहमदपुर तिराहे पर शव रखकर चक्काजाम कर दिया। प्रत्यक्षदर्शी आशीष ने बताया कि कुछ युवक लड़की के साथ छेड़छाड़ कर रहे थे, नंदू ने उन्हें रोका था और एक युवक को थप्पड़ भी मारा था। इसके बाद युवक चले गए, लेकिन 10 मिनट बाद करीब 15 से 17 लड़के बदला लेने बाइकों से आए और नंदू पर हमला कर दिया। मैंने रोकने की कोशिश की, लेकिन तब तक उन्होंने चाकू से नंदू के सिर और छाती पर कई वार कर दिए थे। जिससे उसकी मौत हो गई। आरोपी ड्रग्स का नशा करते हैं। इनमें करैया खेड़ा रोड सहित पूरनपुरा के भी कुछ लोग शामिल हैं। नंदू के बड़े भाई सुधीर छोटे भाई का शव रखकर अहमदपुर तिराहे पर चक्काजाम में बैठे हुए थे। बोले- मेरे की किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी। सिर्फ उसने छेड़खानी करने से रोका तो युवकों ने उसे मारा डाला। चक्काजाम के कारण सड़क पर दो पहिया और चार पहिया वाहन रखकर रास्ता रोक दिया। इस दौरान सड़क के दोनों छोरों पर एक एंबुलेंस भी आईं लेकिन चक्काजाम के चलते वे रास्ता बदलकर चलीं गई। लोगों का कहना था कि करैया खेड़ा रोड अपराध और नशे का अड्डा बन गया है। मौके पर एएसपी डॉ. प्रशांत चौबे पहुंचे और उन्होंने बताया कि पुलिस ने रात भर मेहनत कर 6 संदेही युवाओं को पूछताछ के लिए बुलाया है, साथ ही दूसरे आरोपियों की तलाश में पुलिस जुटी हुई है। एक घंटे करीब दोपहर 4 बजे चक्काजाम समाप्त कर दिया गया। पूर्व पार्षद धर्मेंद्र लोधी ने कहा कि पुलिस और नेताओं के संरक्षण के कारण गुंडागर्दी चरम पर है। इसकी वजह नशाखोरी भी है। हर व्यक्ति की मद्द करने वाले नंदू की हत्या करने वालों को फांसी दी जाए। ऐंसे लोगों का जुलूस निकालकर घर भी जमीदोंज करना चाहिए। अधिवक्ता दीपक वाजपेयी, आदेश जैन सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।


