भास्कर न्यूज | चित्तौड़गढ़ रात का तापमान भले सामान्य से अधिक दर्ज हो रहा पर जागते समय जनजीवन गलन से घिरा है। सुबह देर तक और दोपहर बाद से वापस ठिठुरन है। वजह वातावरण में सर्द हवाओं के साथ कोहरे व धुंध से उपजी नमी। इसी से धूप खिलने के बाद भी कोल्ड डे साबित हो रहे हैं। अधिकतम तापमान रोज लुढकते हुए सोमवार को सामान्य से 3.3 डिग्री नीचे था। इधर, कोहरे का असर देर रात बाद से सूर्योदय तक सड़क यातायात के साथ अब रेल यातायात पर भी पड़ रहा है। प्रमुख जंक्शन चित्तौड़गढ़ स्टेशन पर आज सुबह के समय की 5 प्रमुख ट्रेनें देरी से आई और गई। इस कारण सैकडों यात्री परेशान व प्रभावित रहे। राहत की बात यह रही कि कलेक्टर द्वारा दो दिन अवकाश बढ़ा देने से छोटे बच्चों को स्कूल नहीं जाना पड़ा और इससे अभिभावक भी आराम में रहे। वर्ना आज सुबह इतनी धुंध व गलन रही कि लोग बाहर निकलने से भी बच रहे थे। स्थानीय सरकारी मौसमशाला में बीती रात न्यूनतम तापमान तो कल से 1.6 डिग्री बढ़कर 10.6 दर्ज हुआ पर ठिठुरन देखकर कई लोगों को इसमें संशय लगा। यह सामान्य से भी 3.9 डिग्री अधिक रहा। हालांकि मौसमविदों के अनुसार इसका एक कारण भी रात के समय जमा कोहरा व बादल है। इससे अधिकतम तापमान में गिरावट का क्रम है। सोमवार को यह 20.8 डिग्री रहा जो कल से 1 और सामान्य से 3.3 डिग्री अधिक है। चित्तौड़गढ़ से सुबह 8.10 बजे रवाना होने वाली उदयपुर-जयपुर इंटरसिटी एक्सप्रेस 34 मिनट देरी से 8:44 बजे गई। दिल्ली से आई मेवाड़ एक्सप्रेस सुबह 4:55 बजे की जगह एक घंटे पांच मिनट देरी से सुबह 6 बजे व सुबह 5:25 बजे रवाना होने वाली चेतक एक्सप्रेस भी इतनी ही देरी से 6:30 बजे उदयपुर रवाना हुई। सुबह के समय जयपुर की ओर इंटरसिटी व उदयपुर की ओर मेवाड़ व चेतक एक्सप्रेस यात्रियों की पसंदीदा ट्रेनें हैं। सरकारी, व्यापारिक या अस्पतालों की दृष्टि से कई नियमित सहित सैकडों यात्री इनसे सफर करते हैं। ट्रेनें लेट होने से दफ्तर, मीटिंग या अन्य जरूरी कामों में देर होने की चिंता सताती रही। कइयों की योजना बिगड़ गई। प्लेटफॉर्म पर खड़े ठिठुरते यात्री बार-बार उद्घोषणा सुनते रहे। ये ट्रेनें कई प्रमुख शहरों व स्टेशनों को जोड़ती है। इसी तरह ट्रेन नंबर 17606 भगत की कोठी-काचीगुड़ा एक्सप्रेस भी सुबह 7:20 बजे चित्तौड़गढ़ पहुंचनी थी पर करीब 33 मिनट देरी से 7:53 बजे पहुंची। इसमें दक्षिण भारत की ओर जाने वाले यात्रियों की संख्या अधिक रहती है। कुछ यात्रियों ने बताया कि उन्हें आगे बस और अन्य साधनों से सफर करना हैं, लेकिन देरी के कारण आगे की यात्रा भी प्रभावित हुई। ट्रेन नंबर 19816 कोटा-मंदसौर ट्रेन करीब 8 मिनट देरी से पहुंची।


