30 प्रस्तावों को मंजूरी, 18 फरवरी से 19 मार्च तक चलेगा बजट सत्र
हेमंत सरकार ने राज्य कर्मियों के लिए संशोधित स्वास्थ्य बीमा योजना को मंजूरी दे दी है। इसके तहत अब सरकारी कर्मचारी और उनके आश्रित इलाज के लिए अधिकतम 5 लाख रुपए तक एडवांस ले सकेंगे। विधायकों और पूर्व विधायकों के लिए यह योजना ऐच्छिक रखी गई है। वे चाहें तो नई स्वास्थ्य बीमा योजना का लाभ ले सकते हैं या फिर पहले से लागू पुरानी योजना को जारी रख सकते हैं। यह निर्णय शुक्रवार को हुई राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक में लिया गया। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में हुई बैठक में 30 प्रस्तावों को स्वीकृति दी गई। कैबिनेट की अपर मुख्य सचिव वंदना दादेल ने बताया कि विधानसभा का बजट सत्र 18 फरवरी से 19 मार्च तक चलेगा। स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत देश के 13 नामी अस्पतालों को सूचीबद्ध किया गया है, जहां राज्य कर्मी इलाज करा सकेंगे। इनमें सीएमसी वेल्लोर, एआईजी हैदराबाद, टाटा ग्रुप के सभी अस्पताल, आईएलबीएस नई दिल्ली, राजीव गांधी कैंसर इंस्टीट्यूट दिल्ली, नारायणा इंस्टीट्यूट बेंगलुरू, अपोलो चेन्नई, मेदांता गुरुग्राम, आईएसआईसी नई दिल्ली, नेशनल हार्ट इंस्टीट्यूट नई दिल्ली, शंकर नेत्रालय चेन्नई व कोलकाता, बीएम बिरला हॉस्पिटल कोलकाता शामिल हैं। कैबिनेट ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में दावोस में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में भागीदारी को मंजूरी दी। नारी अदालत योजना को मंजूरी दी गई
कैबिनेट ने केंद्र सरकार की मिशन शक्ति योजना के तहत संचालित नारी अदालत योजना को मंजूरी दे दी है। यह योजना संबल और सामर्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत लागू की जाएगी। इसके तहत ग्राम पंचायत स्तर पर महिलाओं से जुड़े उत्पीड़न और विवादों की शिकायतों का निपटारा किया जाएगा। योजना को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा। कैसे बनेगी नारी अदालत
नारी अदालत या महिला समूह का गठन चुनी गई प्रतिबद्ध महिलाओं से होगा
सदस्यों को कोई नियमित मानदेय नहीं मिलेगा
प्रत्येक बैठक के लिए 3000 रुपए दिए जाएंगे
यूनिफॉर्म के लिए 800 रुपए का प्रावधान होगा 10 पंचायतों से होगी शुरुआत
पहले चरण में 10 पंचायतों में नारी अदालतों का गठन किया जाएगा। इनमें रांची के रामपुर, पलामू में बसरियाकला, साहिबगंज में बरहेट बाजार, लोहरदगा में भंडरा, रामगढ़ के गोला, गुमला में सिसई लखिया, पश्चिमी सिंहभूम के किरीबुरू और पूर्वी सिंहभूम की कसीदा पंचायत शामिल हैं।


