भास्कर न्यूज |डुमरी झारखंड एकता किसान मजदूर यूनियन की बैठक रविवार को यूनियन के रांगा माटी स्थित प्रधान कार्यालय में हुई। बैठक की अध्यक्षता यूनियन के प्रखंड अध्यक्ष राजेंद्र यादव एवं संचालन प्रखंड महासचिव भुवनेश्वर रविदास ने किया। यूनियन के केंद्रीय अध्यक्ष गंगाधर महतो बैठक में मुख्य रूप से उपस्थित थे। संगठन की नीति, सिद्धांत और कार्यों की जानकारी देते हुए केंद्रीय अध्यक्ष ने कहा कि किसानों, मजदूरों, बेरोजगारों, शोषितों और वंचितों की समस्याओं को लेकर मुखर आवाज उठाने के उद्देश्य से यूनियन का गठन किया गया है, ताकि संबंधित विभागीय पदाधिकारियों को समस्याओं से अवगत कराते हुए उनके समाधान की दिशा में सार्थक पहल की जा सके। इस दौरान उन्होंने 14 जनवरी को यूनियन के नए कार्यालय का विधिवत उद्घाटन किये जाने की जानकारी दी। मौके पर केंद्रीय उपाध्यक्ष भगतु रविदास उर्फ रवि, केंद्रीय कोषाध्यक्ष नुनूचंद महतो, महासचिव मदन मोहली, रविंद्र कुमार, केंद्रीय सचिव राजेंद्र मोहली, केंद्रीय संगठन मंत्री राजू मोहली, केंद्रीय सदस्य वीरेंद्र यादव व सुनीता देवी आदि उपस्थित थे। भास्कर न्यूज |गिरिडीह अखिल विश्व गायत्री परिवार, शांतिकुंज हरिद्वार के सूक्ष्म संरक्षण में गिरिडीह शक्तिपीठ के तत्वावधान में रविवार को बिरनी प्रखंड अंतर्गत मंडरखा–भरकट्टा (बिरनी) में प्रस्तावित 24 कुंडीय गायत्री महायज्ञ को लेकर एक विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता बुधन प्रसाद वर्मा (उपजोन समन्वयक, देवघर) ने की।बिरनी प्रखंड समन्वयक सुखदेव साव सहित समस्त गायत्री परिवार के वरिष्ठ परिजनों का मार्गदर्शन प्राप्त हुआ।कार्यक्रम का शुभारंभ बराकर नदी तट पर एक कुंडीय गायत्री महायज्ञ के साथ हुआ। यज्ञ में दर्जनों परिजनों ने राष्ट्र की मंगलमय कामना और यज्ञ की सफलता हेतु गायत्री महामंत्र एवं महामृत्युंजय मंत्र से आहुतियां समर्पित कीं। पूर्णाहुति के उपरांत इरगा, टंडइया एवं बराकर नदी के संगम स्थल पर सामूहिक विचार गोष्ठी एवं वनभोज का आयोजन किया गया।विचार गोष्ठी में गिरिडीह, बिरनी, सरिया, डुमरी एवं जमुआ प्रखंडों से आए गायत्री परिवार के परिजनों ने अपने विचार साझा किए। उपस्थित जनों को संबोधित करते हुए बुधन प्रसाद वर्मा ने गायत्री महायज्ञ की युगानुरूप वर्तमान उपयोगिता पर प्रकाश डाला तथा गुरुदेव पं. श्रीराम शर्मा आचार्य की भविष्यवाणियों का तार्किक विश्लेषण प्रस्तुत किया। उन्होंने संगठित साधना, दान और सत्प्रवृत्तियों के संवर्धन व सम्मान के लिए यज्ञ को अत्यंत उपयोगी बताया। कार्यक्रम में भुनेश्वर शास्त्री, पंकज केशरी, सुखदेव प्रसाद, कंचन देवी, लीलावती, प्रेमलता, कौशल्या, ललिता, अंबिका सहित अनेक बहनें तथा पवन कुमार वर्मा, कपिल देव सिंह, पवन कुमार पावन, किशोरी ठाकुर, अरविंद कुमार वर्मा, पिंटू, मनीष कुमार वर्मा, प्रभु शर्मा सहित लगभग 80 ने सहभागिता की।


