रातू रोड वाली मइया (दुर्गा मंदिर) के दो दिवसीय 40वें वार्षिकोत्सव की शुरुआत मंगलवार को कलशयात्रा के साथ हुई। सुबह 5 बजे माता रानी को महास्नान कराया गया। दिव्य शृंगार कर 8 बजे महाआरती की गई। इसके बाद 2100 महिलाओं द्वारा कलशयात्रा निकाली गई। सभी महिलाएं एक वेशभूषा में थीं। कलशयात्रा गाजे-बाजे के साथ दुर्गा मंदिर प्रांगण से शुरू होकर रानी सती मंदिर पहुंची, जहां विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना करने के बाद कलश में पानी भरा गया। कलशयात्रा रानी सती मंदिर से होते हुए पहाड़ी मंदिर, गाड़ीखाना, अपर बाजार, शहीद चौक से महावीर चौक होते हुए वापस दुर्गा मंदिर प्रांगण पहुंची। कलशयात्रा में दुर्गा मां, बजरंगबली, श्री राधा कृष्ण आदि की जीवंत झांकी निकाली गई। इस दौरान रांची के भजन मंडली ने भजनों की गंगा बहाई। दोपहर एक बजे से मंदिर प्रांगण में ही कलशयात्रा में शामिल महिलाओं के लिए खिचड़ी का महाभोग की व्यवस्था की गई थी। शाम में 4 बजे से सुंदरकांड का पाठ हुआ और 8 बजे महाआरती के साथ पट बंद हुआ। कोलकाता से मंगाए विभिन्न ताजे फूलों से कारीगरों द्वारा मंदिर परिसर और गर्भ गृह को सजाया गया। मौके मंदिर समिति के संरक्षक विक्की यादव, अध्यक्ष राहुल यादव, कोषाध्यक्ष रोहित यादव, वरीय उपाध्यक्ष बबलू सिंह, मुख्य पुजारी संतोष पाठक व अन्य उपस्थित थे। मुख्य कार्यक्रम बुधवार को मंदिर परिसर में होगा। सुबह 5 बजे माता रानी को महास्नान कराया जाएगा। इसके बाद भव्य शृंगार किया जाएगा। सुबह 8 बजे महाआरती कर 9 बजे से विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना कर हवन किया जाएगा। इसके बाद दोपहर में भंडारा का आयोजन किया जाएगा। शाम 6 बजे से भजन संध्या होगा। शोभायात्रा में पारंपरिक वेशभूषा में शामिल हुईं महिलाएं। भजन मंडली ने भजनों की बहाई गंगा।


