भास्कर न्यूज|गिरिडीह गिरिडीह नगर थाना क्षेत्र के भंडारीडीह स्थित शांतिनगर में रह रहे स्वास्थ्य विभाग के कर्मी ने गुरुवार की देर रात घर के किचन में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली । रात में खाना खाकर वह सोने चला गया। बच्चे के साथ पत्नी भी सो रही थी। इसी बीच वह किचन में छत के सहारे रस्सा का फंदा डालकर अपनी जान दे दी। सुबह 4.30 बजे पत्नी जब जगी तब उसकी नजर फांसी के फंदे पर लटक रहे पति के शव पर पड़ी तो हो हल्ला किया। इसके बाद आसपास के लोग जुटे और शव को नीचे उतारा, तब तक उसकी सांसें थम चुकी थीं। मृतक के बड़े भाई कमल किशोर सिन्हा ने इस घटना की सूचना नगर थाना पुलिस को दी। पुलिस घटना स्थल पर पहुंचकर शव को अपने कब्जे में लेकर पंचनामा बनाकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया। घटना का कारण डिप्रेशन बताया जा रहा है। बताया जाता है कि अशोक कुमार स्वास्थ्य विभाग के मलेरिया विभाग में एमपीडब्ल्यू पद पर डुमरी प्रखंड के नागाबाद प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र में पदस्थापित था। लेकिन एमपीडब्ल्यू में काफी कम मानदेय होने के कारण उसे घर परिवार चलाने में काफी कठिनाई हो रही थी। इसके कारण वह काफी तनाव में रहता था और घर में भी हमेशा विवाद होते रहता था। इसके कारण उसने आत्महत्या जैसा घातक कदम उठा लिया। उसे एक 14 साल का बेटा भी है। घटना के पत्नी व बेटे का रो-रो कर बुरा हाल है। मृतक के बड़े भाई कमल किशोर सिन्हा ने कहा िक अशोक डुमरी प्रखंड की नागाबाद पंचायत में प्राथमिक स्वास्थ केंद्र में एमपीडब्ल्यू पद पर अनुबंध के रूप में कार्यरत था। वह प्रतिदिन घर से ड्यूटी करने प्राथमिक स्वास्थ केन्द्र नागाबाद जाता था। लेकिन, जो वेतन मिलता था उसमें आधा खर्च उसका आने जाने में ही हो जाता था। लिहाजा उसे परिवार चलाने में कठिनाई होती थी और तनाव में रहता था, घर में विवाद भी होता था। इसके कारण डिप्रेशन में उसने यह कदम उठा लिया। कहा कि हम दोनों भाई एक ही मकान में अलग-अलग रहते थे। उसे एक 14 साल का बेटा भी है। घटना के संबंध में नगर थाना प्रभारी शेलैश प्रसाद ने कहा की घरेलू विवाद के कारण स्वास्थ्य कर्मी ने आत्महत्या की है7


