शिवपुरी जिले के रन्नौद थाना के सामने वाहन चेकिंग के दौरान चालान की कार्रवाई से भड़के कुछ लोगों ड्यूटी पर तैनात आरक्षक पर जानलेवा हमला कर दिया था। आरोपियों ने फर्सी के टुकड़े से आरक्षक के सिर और गाल पर वार कर उसे लहूलुहान कर दिया था। जमीन पर गिरने के बाद भी लात-घूंसे से बेरहमी से पीटा और जान से मारने की धमकी दी गई। इस मामले में पुलिस ने सोमवार को तीन महिलाओं समेत 6 आरोपियों को नामजद करते हुए कुछ अज्ञात लोगों के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज कर ली है। चालान से शुरू हुआ था विवाद
फरियादी आरक्षक अवधेश शर्मा ने बताया कि 31 जनवरी 2026 को शाम करीब 4:30 बजे उनकी ड्यूटी थाना के सामने वाहन चेकिंग में लगी थी। उनके साथ सहायक उप निरीक्षण दशरथ सिंह राजपूत और आरक्षक सिद्धनाथ गौड़ भी मौजूद रहे। इसी दौरान पिछोर की ओर से आ रही एक ईको कार (MP 08 ZJ 4676) को बिना सीट बेल्ट चलाने पर रोका गया और मनोज जाटव पर चालानी कार्रवाई की गई। कार्रवाई के कुछ देर बाद निलेश जाटव, कालीचरण जाटव और जीतू जाटव बाइक से मौके पर पहुंचे और गाली-गलौज करते हुए शासकीय कार्य में बाधा डालने लगे। फर्सी से सिर पर वार, जमीन पर गिराकर पीटा
आरक्षक के मुताबिक निलेश जाटव ने गुस्से में कहा चलो आज इसका काम तमाम कर देते हैं, समझ में आ जाएगा, किससे उलझे हैं। इसके बाद उसने सड़क किनारे पड़ा फर्सी का टुकड़ा उठाकर आरक्षक के सिर के पीछे जोरदार वार किया, जिससे सिर फट गया और खून बहने लगा। इसके बाद उसी फर्सी से दाहिने गाल पर भी हमला किया गया। हमले में आरक्षक जमीन पर गिर पड़े, जिसके बाद निलेश जाटव, कालीचरण जाटव, जीतू जाटव, ईको कार चालक मनोज जाटव, तीन महिलाएं और अन्य लोग एकराय होकर लात-घूंसे से मारपीट करने लगे। मारपीट में आरक्षक को गर्दन, छाती, कमर, पीठ, दोनों घुटनों, बाएं हाथ और प्राइवेट पार्ट में गंभीर चोटें आईं। आरक्षक के चिल्लाने पर चेकिंग ड्यूटी में तैनात अन्य पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे और उन्हें बचाकर थाने के अंदर ले गए। धरना, हंगामा और राजनीतिक एंट्री
घटना के बाद पुलिस पर गर्भवती महिला से मारपीट के आरोप लगाते हुए परिजनों ने थाना परिसर के बाहर धरना शुरू कर दिया, जो देर रात ढाई बजे तक चला। स्थिति को संभालने के लिए आसपास के थानों का पुलिस बल बुलाया गया। धरने के दौरान भाजपा जिला अध्यक्ष जसवंत जाटव भी मौके पर पहुंचे और पुलिस अधिकारियों को खरी-खोटी सुनाते हुए थाना प्रभारी को सस्पेंड करने तथा आरक्षकों पर एफआईआर दर्ज करने की मांग की थी, उन्होंने धरने पर बैठने की तक बात कह दी थी। देर रात एडिशनल एसपी के आश्वासन के बाद धरना समाप्त कराया जा सका। पुलिस ने इस मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 121(1), 132, 190, 191(2), 221, 296(b) और 351(3) के तहत प्रकरण दर्ज किया है। यह भी पढ़ें… भीड़ ने आरक्षक का सिर फोड़ा…वर्दी फाड़ी
शिवपुरी जिले के रन्नौद थाने के बाहर शनिवार शाम वाहन चेकिंग के दौरान काटे गए चालान को लेकर बड़ा बवाल हो गया। विवाद इतना बढ़ा कि भीड़ ने आरक्षक के साथ मारपीट कर उसकी वर्दी फाड़ दी और पत्थर मारकर सिर फोड़ दिया। विवाद वाहन चेकिंग के दौरान हुआ। म्याना क्षेत्र निवासी मनोज जाटव अपनी कार में थे। कार में गर्भवती पत्नी और अन्य लोग सवार थे। पुलिस ने सीट बेल्ट और दस्तावेजों की जांच कर चालान काट दिया। इसी दौरान मनोज का साला निलेश जाटव (निवासी रन्नौद) अपने साथियों के साथ वहां पहुंचा और विरोध करने लगा। देखते ही देखते कहासुनी मारपीट में बदल गई। पूरी खबर पढ़िए…


