यूजीसी नेट: पारा शिक्षक के बेटे नमन गौरव ने क्वालिफाई किया जेआरएफ, देश में फोर्थ रैंक

रांची नेशनल टेस्टिंग एजेंसी द्वारा आयोजित विश्वविद्यालय अनुदान आयोग की राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा एवं जूनियर रिसर्च फेलोशिप (यूजीसी-नेट/जेआरएफ) दिसंबर 2025 का परिणाम घोषित कर दिया गया है। इस बार परीक्षा में आरयू और डीएसपीएमयू जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विषयों से जुड़े विद्यार्थियों ने शानदार प्रदर्शन किया है। जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषाओं से जुड़े विषयों में कुल 543 अभ्यर्थी सफल घोषित किए गए हैं। वहीं डीएसपीएमयू के एंथ्रोपोलॉजी विभाग के छात्र नमन गौरव ने उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। वर्तमान में स्नातकोत्तर (एमए) प्रथम वर्ष के छात्र नमन ने पूरे देश में चौथा स्थान और अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) श्रेणी में पहला स्थान प्राप्त कर विश्वविद्यालय और राज्य का नाम रोशन किया है। डॉ अभय सागर मिंज की मॉनिटरिंग में इन्होंने तैयारी की थी। इन्होंने प्रथम प्रयास में ही नेट परीक्षा उत्तीर्ण किया था। 196 अभ्यर्थी : यूजीसी-नेट (राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा) 29 अभ्यर्थी : जेआरएफ (जूनियर रिसर्च फेलोशिप) 318 अभ्यर्थी : पीएचडी (डॉक्टरेट) नमन गौरव के पिता पारा शिक्षक हैं और परिवार खलारी क्षेत्र का निवासी है। सीमित संसाधनों के बावजूद नमन की यह उपलब्धि बताती है कि अनुशासन, मार्गदर्शन और निरंतर अध्ययन से राष्ट्रीय स्तर की सफलता संभव है। प्रेरणा और मार्गदर्शन की अहम भूमिका नमन ने अपनी सफलता का श्रेय अपनी सीनियर दीक्षा सिंह को दिया, जिन्होंने वर्ष 2024 में यूजीसी जेआरएफ में देश में दूसरा स्थान प्राप्त किया था। साथ ही उन्होंने डॉ. अभय सागर मिंज को अपना आदर्श बताया। वीसी प्रो. डीके सिंह, रजिस्ट्रार डॉ धन्नंजय बासुदेव द्विवेदी, सोशल साइंस डीन डॉ एसएम अब्बास समेत अन्य शिक्षकों ने नमन को बधाई दी है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *