रांची।झालसा के कार्यपालक अध्यक्ष सुजीत नारायण प्रसाद के निर्देश पर, सदस्य सचिव झालसा कुमारी रंजना अस्थाना एवं अध्यक्ष अनिल कुमार मिश्रा-1 के मार्गदर्शन में जिला विधिक सेवा प्राधिकार (डालसा), रांची द्वारा अनगड़ा प्रखंड के चतरा पंचायत भवन एवं चतरा गांव में डोर-टू-डोर विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की निगरानी डालसा सचिव द्वारा की गई। कार्यक्रम में पीएलवी बेबी सिन्हा, मालती कुमारी, सुनीता कुमारी, मीना श्रीवास्तव सहित अन्य पीएलवी शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान 14 मार्च को व्यवहार न्यायालय, रांची में आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत की जानकारी दी गई तथा लोगों से अपने मामलों का निःशुल्क निस्तारण कराने की अपील की गई। पीएलवी बेबी सिन्हा ने जेजे. एक्ट, पोक्सो एक्ट, बाल विवाह निषेध अधिनियम-2006 तथा नशा उन्मूलन पर जानकारी देते हुए कहा कि नशा से स्वास्थ्य और धन दोनों की हानि होती है। उन्होंने प्रोजेक्ट तृिप्त के बारे में भी लोगों को अवगत कराया। सुनीता कुमारी ने मोटर वाहन दुर्घटना में मुआवजा पाने की प्रक्रिया बताई और कहा कि पीड़ित डालसा कार्यालय में आवेदन कर सकते हैं। महिला पीड़िता को निःशुल्क अधिवक्ता की सुविधा भी दी जाती है। मीना श्रीवास्तव ने दहेज प्रतिषेध अधिनियम-1961 की जानकारी देते हुए कहा कि दहेज लेना और देना कानूनन अपराध है, जिसमें सजा का प्रावधान है। मौके पर पम्पलेट व लिफलेट का वितरण भी किया गया।


