गुना जिले के फतेहगढ़ इलाके में दो सगे भाइयों की हत्या के दो आरोपियों को पुलिस ने मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया। पत्नी को देखने पर युवक ने बुआ के बेटे को डांटा, तो उसने इस तरह से बदला लिया। मृतकों के बुआ के लड़कों ने ही दोनों की हत्या कर दी थी। बाकी दो और आरोपियों की तलाश में पुलिस लगी हुई है। बता दें कि फतेहगढ़ इलाके के खोरी गांव के रहने वाले प्रताप बारेला (30) अपने भाई बबलू और अनिल के साथ रविवार शाम 7 बजे ट्यूब वेल में से मोटर निकाल रहे थे। पास में ही ट्रैक्टर रखा था। तभी ट्रैक्टर के पीछे से पतली मार गांव के रहने वाले उनकी बुआ के लड़कों सुरभ सिंह, प्रहलाद, ब्यार सिंह और गंगा सिंह फरसे, लुहांगी और घातक हथियार लेकर आए और तीनों भाइयों पर हमला कर दिया। चारों मिलकर तीनों भाइयों पर टूट पड़े। एक भाई ने भागकर अपनी जान बचाई। बाकी दोनों भाइयों प्रताप और बबलू पर वह लगातार हमला करते रहे। दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद सभी लोग भाग गए। सबसे छोटे भाई अनिल ने परिवार वालों को सूचना दी और वे मौके पर पहुंचे। पुलिस को भी सूचना दी गई। पुलिस ने दोनों शवों को जिला अस्पताल भिजवाया। सोमवार सुबह जिला अस्पताल में शव का पोस्टमॉर्टम किया गया। पत्नी को देखने पर हुआ था विवाद
मृतकों में सबसे छोटे भाई अनिल ने बताया कि एक हफ्ते पहले बबलू और उसकी पत्नी गांव से दो किलोमीटर दूर खेत पर बनी टपरिया पर सो रहे थे। तभी बुआ का लड़का सुरभ सिंह छिप छिपकर देख रहा था। बबलू ने उसे देख लिया तो डांट लगा दी और भगा दिया था। दो आरोपी गिरफ्तार
SP ने मामले में तत्काल आरोपियों की तलाश कर गिरफ्तारी के निर्देश दिए। SDOP विवेक अष्ठाना के नेतृत्व में फतेहगढ़ थाना प्रभारी SI जयनरायण शर्मा अपनी टीम के साथ आरोपियों की तलाश में लग गए। आरोपियों के संबंध में मुखबिर से सूचना मिलने पर पुलिस ने दबिश दी। पुलिस ने हत्या के दो आरोपियों गंदास पिता राय सिंह बारेला (24) और वियार सिंह पिता राय सिंह बारेला (18) निवासी ग्राम पातलीमार को गिरफ्तार कर लिया। दोनों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया है। फतेहगढ़ थाना क्षेत्र के ग्राम पतलीमार में रविवार को हुए दोहरे हत्याक्रम के घटना स्थल का SP संजीव कुमार सिंहा ने भ्रमण किया। उन्होंने मृतकों के परिजनों और साक्षियों से चर्चा की। घटनाक्रम को गंभीरता से लेकर प्रकरण के फरार शेष आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी के लिए पुलिस की अलग-अलग चार टीमें बनाई गई। SP ने पीड़ित परिवार को बताया कि प्रकरण को चिह्नित श्रेणी के रूप में लेकर न्यायालय से स्पीडी ट्रायल के लिए निवेदन किया जाएगा।


