भास्कर न्यूज | अमृतसर किसान मजदूर संघर्ष कमेटी राज्य नेता सरवन सिंह पंधेर और जिला अध्यक्ष रणजीत सिंह कलेर बाला के नेतृत्व में किसानों ने जिले के 21 जगहों पर किसानों को गिरफ्तार करने के विरोध में पंजाब सरकार के पुतले फूंके। नेताओं ने कहा कि जिस तरह 3 मार्च को चंडीगढ़ में किसान नेताओं के साथ चल रही बैठक को छोड़कर आधी रात से ही छापेमारी करके विभिन्न किसान संगठनों के नेताओं को गिरफ्तार करके लोगों की आवाज को दबाने का प्रयास किया है। संगठन उनके कृत्य की कड़ी निंदा करता है। उन्होंने कहा कि पंजाब में नशे पर अंकुश लगाने के नाम पर “बुलडोजर न्याय’ ठीक नहीं है, एक लोकतांत्रिक राज्य में इस तरह के अमानवीय और असंवैधानिक तरीके अस्वीकार्य हैं। नशे पर पूरी तरह से रोक लगाने के लिए बड़े डीलरों को गिरफ्तार किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री केंद्र के इशारे पर किसानों और मजदूरों के खिलाफ काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसान मजदूर संगठन किसानों और मजदूरों के हक की आवाज उठाने वाली हर आवाज के पक्ष में खड़ा है और वैचारिक मतभेद कभी भी हमारी राह में बाधा नहीं बने हैं। उन्होंने मांग की कि गिरफ्तार और हिरासत में लिए गए नेताओं को तुरंत रिहा किया जाए। वहीं, उन्हें चंडीगढ़ के सेक्टर 34 या 17 में विरोध प्रदर्शन के लिए जगह दी जाए और किसानों की 18 मांगों को तुरंत स्वीकार किया जाए। इस अवसर पर जरमनजीत बंडाला, गुरबचन सिंह चब्बा, कंधार सिंह भोएवाल, सचिव सिंह कोटला, बाज सिंह सारंगरा, लखविंदर सिंह डाला, कुलजीत सिंह काले घन्नूपुर, गुरदेव सिंह गग्गोमल, बलदेव सिंह बग्गा, बलविंदर सिंह रूमानाचक्क, सुखदेव सिंह चाटीविंड, मंजीत सिंह आदि नेताओं सहित हजारों की संख्या में किसान व मजदूर उपस्थित थे।


