भास्कर न्यूज | बैकुंठपुर युवती के साथ दुष्कर्म करने के बाद बेहोशी की हालत में उसके चेहरे और शरीर में एसिड डालकर आरोपी मौके से फरार हो गया था। इसके बाद से युवती शारीरिक और मानसिक दर्द से गुजर रही है। इधर, रसूखदार आरोपियों को बचाने की कोशिश में जुटे हैं। 17 महीने से जिंदगी और मौत से लड़ाई लड़ रही युवती की आवाज सिस्टम के कानों तक नहीं पहुंची थी। दैनिक भास्कर में मै निर्भया हूं…शीर्षक से 9 मार्च को खबर प्रकाशित की। इसके बाद स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने मामले में संज्ञान लिया। इधर, कोरिया कलेक्टर चंदन त्रिपाठी ने बताया कि स्वास्थ्य मंत्री के निर्देश पर पीिड़ता की मदद की जा रही है। मामला 21 अक्टूबर 2023 की रात का है। युवती घर में सो रही थी। कोरबा जिले के पसान थाना क्षेत्र के ग्राम गडारा का रहने वाला मिलेश यादव मोबाइल पर कॉल कर युवती को घर से बाहर बुलाया। बाहर आने पर अपने दोस्त बेचैनसाई यादव के साथ युवती को बाइक पर बैठाकर जान से मारने की धमकी देते हुए जबरन अपने साथ सुनसान जगह पर ले गया। यहां बेहोश कर दोनों ने दुष्कर्म किया और एसिड डालकर मौके से फरार हो गए। रात 1.30 बजे होश आने पर युवती का शरीर एसिड अटैक से जल रहा था और वह चीख रही थी। सुबह युवती की मां उसे खड़गवां अस्पताल में इलाज के लिए ले गई। यहां से उसे बैकुंठपुर जिला अस्पताल रेफर किया गया। उचित इलाज के अभाव में घायल युवती को उसकी मां घर ले आई। 9 मार्च को प्रकाशित समाचार। मदद के नाम पर युवती के बैंक खाते से 6 लाख रुपए निकाले एसिड अटैक से युवती का शरीर 40% तक जल गया था। आदिवासी युवती बागमती ने बताया कि डॉ. उदय सिंह समेत गांव के चंदु मरावी ने डॉक्टर को रुपए देने के नाम पर बैंक खाते में जमा 6 लाख रुपए निकाल लिए। दरअसल, पीड़ित चल नहीं पाती है, तो उसे गोद में उठाकर मददगार बैंक ले जाते थे और खाते से पैसा निकालते थे। 2-3 बार बैंक ले जाने के बाद चलने में सक्षम नहीं होने की बात बताकर पीड़ित का हस्ताक्षर लेकर बैंक से पैसा निकालते रहे। इधर, पीड़ित को इसकी जानकारी नहीं थी। मददगारों का ऐसा घिनौना चेहरा भी मुझे देखना पड़ रहा है। गलते हुए शरीर को लेकर तीन बार बैकुंठपुर जिला कोर्ट भी जाना पड़ा। मुझे इस सिस्टम से असहनीय दर्द तो मिला है, डर भी बहुत लग रहा है। स्वास्थ्य मंत्री ने युवती के इलाज के लिए स्पेशलिस्ट डॉक्टर्स से चर्चा की स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि मुझे इसकी जानकारी है। युवती का पूरा इलाज कराएंगे। इसे लेकर स्पेशलिस्ट डॉक्टर्स से चर्चा की गई है। इसके अलावा हर संभव मदद भी देंगे। गंभीर रूप से घायल पीड़ित को रायपुर के निजी अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया गया। यहां सरकार ने अब तक 25 लाख रुपए इलाज पर खर्च कर चुकी है। पीड़ित को हरहाल में न्याय और पूरा इलाज मिलेगा।


