फिरोजपुर/अंबाला/जालंधर/अमृतसर | केंद्र सरकार द्वारा कृषि मांगें नहीं मानने और डल्लेवाल के मरणाव्रत के समर्थन में स्वरूप बुधवार को संयुक्त किसान मोर्चा (गैर राजनीतिक) द्वारा विभिन्न किसान संगठनों के सहयोग से पंजाब में 52 जगह रेलवे ट्रैक पर दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक धरना दिया गया। इस कारण फिरोजपुर रेलवे मंडल को 12 ट्रेनों को कैंसिल करना पड़ा। 2 ट्रेनों को शार्ट टर्मिनेट और 2 ट्रेनों को शॉर्ट ओरिजीनेट किया। वहीं 34 ट्रेनों को देरी से चलाया गया। अंबाला मंडल से 9 ट्रेनें रद्द की गई हैं, जबकि कुल 42 ट्रेनें लेट रवाना हुईं। शताब्दी और शान-ए-पंजाब ट्रेनों को लुधियाना से पहले ही रोकने से अमृतसर समेत जेएंडके जाने वाले यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा। मुसाफिरों ने अपना गुस्सा किसानों व केंद्र सरकार के खिलाफ जाहिर किया। वहीं, रेलवे के वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक परमदीप सिंह सैनी ने दावा किया कि प्रदर्शन के कारण देरी से चलाए गए ट्रेनों को ऐसे स्थानों पर रोका गया जहां यात्रियों को कोई असुविधा का सामना ना करना पड़े। वहीं किसान संगठनों ने आंदोलन को और तेज करते हुए रेल रोको आंदोलन के बाद अब 30 दिसंबर को पंजाब बंद की कॉल दी है। इस दौरान इमरजेंसी सेवाएं बाधित नहीं की जाएंगी। उन्होंने कहा कि वीरवार को चंडीगढ़ में खापें बड़ा एलान करेंगी। शंभू बॉर्डर पर जहर निगलने वाले किसान की मौत…बुधवार को शंभू बॉर्डर पर 14 दिसंबर को जहर निगलने वाले खन्ना के किसान रणजोध सिंह की पटियाला के राजिंद्रा अस्पताल में मौत हो गई। रणजोध ने बुधवार सुबह करीबन 3 बजे आखिरी सांस ली। मृतक की विवाहित बेटी व एक बेटा है। उसपर 5 से 7 लाख रु. कर्ज था।


