झारखंड बिजली वितरण निगम लिमिटेड (जेबीवीएनएल) राज्य भर में बिजली चोरी करने वालों के विरुद्ध लगातार अभियान चला रहा है। इस साल जनवरी से लेकर 19 मार्च तक सिर्फ 80 दिनों में जेबीवीएनएल ने राज्य भर में 7 बार छापेमारी की है। इन छापेमारी में जेबीवीएनएल ने अब तक 11251 बिजली चोरों के विरुद्ध अलग-अलग थानों में केस दर्ज किया है। जेबीवीएनएल की ओर से इन पर कुल 18.33 करोड़ रुपए का जुर्माना भी लगाया गया है। बिजली चोरी करने के मामले में हजारीबाग जिला एक नंबर पर है। इन 7 छापेमारी में जेबीवीएनएल ने हजारीबाग जिले में 1293 बिजली चोरों पर केस दर्ज किया है। वहीं बिजली चोरी करने में रांची जिला दूसरे नंबर पर है। रांची में 1203 बिजली चोरों पर अलग-अलग थानों में जेबीवीएनएल ने केस दर्ज कराया है। जेबीवीएनएल इन 7 छापेमारी के दौरान 63,628 घरों में चोरी की शिकायत पर रेड कर चुका है। डोरंडा, बरियातू, सुखदेवनगर में सबसे अधिक बिजली चोरी जेबीवीएनएल ने 18 व 19 मार्च को भी पूरे राज्य में छापेमारी की। रांची में कुल 116 बिजली चोरों पर केस किया गया। सबसे अधिक चोरी के मामले डोरंडा के नार्थ ऑफिस पाड़ा में पकड़े गए। डोरंडा थाना में पांच के विरुद्ध बिजली चोरी का केस दर्ज किया गया है। लालपुर थाना क्षेत्र में पीएन बोस कंपाउंड में बिजली चोरी का मामला पकड़ा गया। बरियातू थाना क्षेत्र में यूनिवर्सिटी कॉलोनी में चोरी के मामले पकड़े गए। कोतवाली थाना क्षेत्र में गाड़ीखाना, प्यादाटोली, शारदा बाबू लेन और ईस्ट मार्केट रोड में बिजली चोरी के मामले पाए गए। सदर थाना क्षेत्र में हैदर अली रोड व हनुमान धर्मकांटा के समीप सबसे अधिक चोरी की जा रही थी। 5 के विरुद्ध सदर थाना में केस दर्ज हुआ। सुखदेवनगर थाना क्षेत्र में शाहदेव इन्क्लेव के समीप, यमुना नगर व दुर्गा मंदिर रोड में चोरी के मामले पकड़े गए। वहीं हिंदपीढ़ी के नेजाम नगर में भी बिजली चोरी के मामले पकड़े गए और हिंदपीढ़ी थाना में मामला दर्ज किया गया।


