छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय आज धमतरी के मधुबन धाम पहुंचे। वे यहां धमतरी राज कंवर पैकरा समाज की वार्षिक महासभा में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने नवनिर्वाचित आदिवासी पंचायत जनप्रतिनिधियों के सम्मान समारोह में भी हिस्सा लिया। मुख्यमंत्री ने नगरीय निकाय और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में विजयी हुए सभी जनप्रतिनिधियों को बधाई दी। उन्होंने नक्सलियों से अपील की कि वे हथियार छोड़कर मुख्यधारा में शामिल हों। साय ने कहा कि सरकार की ओर से नक्सलियों के लिए रास्ता शुरू से खुला है। मुख्यमंत्री ने गहिरा गुरु बाबा के समाज सेवा कार्यों को याद करते हुए सभी को उनसे प्रेरणा लेने की अपील की। उन्होंने समाजिक भवन के निर्माण के लिए 50 लाख रुपये और केकड़ा खोली मार्ग पर पुलिया निर्माण के लिए 30 लाख रुपये की घोषणा भी की। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने समाज के लोगों से नशा मुक्त जीवन अपनाने की अपील की और कहा कि नशा आज समाज के विकास में सबसे बड़ी बाधा बन चुका है। नशे और सड़क हादसों पर चिंता मुख्यमंत्री साय ने युवाओं में बढ़ते नशे और सड़क हादसों पर गहरी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में हर साल करीब 6,500 सड़क दुर्घटनाएं होती हैं, जिनमें अधिकतर मौतें नशे और हेलमेट न पहनने के कारण होती हैं। यह पूरे समाज के लिए सोचने का विषय है। नक्सलियों के लिए फिर किया मुख्यधारा में आने का आह्वान अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने नक्सलियों को एक बार फिर मुख्यधारा में लौटने की अपील की। उन्होंने कहा कि सरकार का दरवाजा हमेशा खुला है, लेकिन हिंसा का रास्ता छोड़कर ही उन्हें विकास में भागीदार बनना होगा। सरकार हर स्तर पर उनके साथ न्याय करने को तैयार है। गौरवशाली विरासत को बनाए रखने की अपील मुख्यमंत्री ने कंवर और पैकरा समाज की गौरवशाली परंपरा की सराहना की और कहा कि समाज के कई सदस्य आज विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य कर रहे हैं। हमें इस परंपरा को आगे बढ़ाना है और समाज को नशा, हिंसा और अंधविश्वास से दूर रखना है।


