गत दिनों कैथवाड़ा पुलिस द्वारा आपरेशन एंटी वायरस के तहत पकड़े गया सिम सप्लायर घघवाड़ी निवासी इरफान से पुलिस पूछताछ में बड़ा खुलासा हुआ है। इरफान पिछले तीन साल में मेवात के साइबर ठगों को 8 हजार फर्जी सिम दे चुका है। जिनसे ठग करीब 70 करोड़ रुपए की ठगी कर चुके हैं। साइबर ठगी करने वाली गैंग को पुलिस ने न्यायालय में पेश किया और 23 दिसंबर तक रिमांड पर लिया है। पकड़े गए आरोपी ने पुलिस को पूछताछ में बताया कि सिंगरोली मध्यप्रदेश निवासी आकाश से फर्जी सिम लाकर दो हजार रुपए प्रति सिम के हिसाब से साइबर ठगो को देता है। वह आकाश को कभी डीग कभी कामां तो कभी भरतपुर बुलाता था और उससे पांच सौ रुपए के हिसाब से एक सिम खरीदता था। पिछले तीन साल से वह फर्जी सिम लेकर ठगो को दो हजार रुपए प्रति सिम के बेचता था। आरोपी इरफान ने कुछ साइबर ठगों के नाम भी पुलिस को बताए है जिसमें घघवाड़ी निवासी आदिल पुत्र जुबेर, जैकम पुत्र लल्लू, हासिम पुत्र साहुन, आबिद दीनू, जलीस पुत्र लियाकत, वसीम पुत्र लियाकत, सायंम,अरमान, साहिल पुत्र कयामुद्दीन, नासिर पुत्र खलील , हासिम पुत्र जमील, नीमला निवासी सऊदीन पुत्र हनीफ, आमिर पुत्र मुल्ली, कैथवाड़ा निवासी इन्नस पुत्र काडा, परवेज,मुस्तकीम,हूरपु री निवासी नोमान, गांवड़ी निवासी शाहिद, पथराली निवासी रहीश पुत्र आसीन को दो हजार रुपए के हिसाब से सिम दी है। इरफान अपने नाबालिग पुत्र के साथ साइबर ठगी भी करता है। इसका पुत्र ड्रीम इलेवन में टीम बनाने और इसके रजिस्ट्रेशन के नाम पर लोगों को ठगता है। गैंग का एक अन्य सदस्य जयराम खान फर्जी एटीएम कार्ड लाकर कमीशन लेकर ठगी के पैसे साइबर ठगो को देता है।इसके बदले वह बीस प्रतिशत कमीशन लेता है। भास्कर इंवेस्टिशन – बेटे भी है गैंग का सदस्य इरफान ने बेची 8 हजार फर्जी सिमो से करीब 70 करोड़ रुपए से अधिक की ठगी हो गई। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार इरफान ने मेवात की एक गैंग को 9 फर्जी सिम बेची थी जब पुलिस ने इस गैंग को पकड़ कर जेएमआईएस पोर्टल से चैक किया तो इन 9 सिमों से 6 करोड़ 41 लाख रुपए की ठगी होना पाया गया। इसके अलावा इरफान ने मेवात की कई गैंगों को बड़ी मात्रा में सिम बेची है। सूत्रों की माने तो इसने अपने पुत्र के साथ मिलकर करीब 8 करोड़ रुपए से अधिक की साइबर ठगी की। इरफान राजस्थान के अलावा हरियाणा और उत्तरप्रदेश के मेवात क्षेत्र के साइबर ठगो को भी सिम सप्लाई करता था। एमपी के आकाश से गांवड़ी में हुई थी मुलाकात इरफान फर्जी सिम मध्यप्रदेश के सिंगरोली निवासी आकाश से लेता था। तीन साल पहले इरफान की आकाश से गांवड़ी में मुलाकात हुई थी। तब आकाश गांवड़ी में ठगो को 400 रुपए में एक सिम बेचता था। इसने आकाश से 500 रुपए प्रति सिम देने और बल्क में सिम लेने की बात कही तो आकाश इसे सिम देने लग गया।


