भास्कर न्यूज|कांडी स्थानीय बीडीओ ने बिरसा हरित ग्राम योजना 2025-26 के कार्यान्वयन में घोर लापरवाही बरते जाने को लेकर सभी पंचायत सचिव, मुखिया व रोजगार सेवकों को अल्टीमेटम देते हुए 17 मई 2025 तक ऑनगोइंग स्कीम की सूची व प्रतिवेदन की मांग की है। राणाडीह व घटहुआं कला पंचायत को इससे मुक्त रखा गया है। क्योंकि उन पंचायतों से संबंधित प्रतिवेदन दिया जा चुका है। बीडीओ राकेश सहाय ने कांडी प्रखंड के 16 में से 14 पंचायतों में बिरसा हरित ग्राम योजना 2025-26 के कार्यान्वयन में इन पंचायतों के द्वारा उदासीनता बरते जाने की बात कही है। उन्होंने कहा कि वर्णित योजना में 2025-26 के लिए 169 एकड़ में योजना को लागू करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। लेकिन अभी तक केवल 12 एकड़ के ऑनगोइंग रिपोर्ट प्रखंड को प्राप्त है। जिसे अत्यंत ही खेद जनक बताया गया है। उन्होंने कहा कि कई बार व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से सबों को सूचना दी गई है कि लक्ष्य के अनुरूप योजनाओं की प्रशासनिक स्वीकृति देते हुए कार्य प्रारंभ किया जाए। यदि लक्ष्य के अनुरूप योजना को कार्यान्वित नहीं किया जा सकता है तो कारण सहित प्रतिवेदन की मांग की गई थी। बावजूद इसके केवल राणाडीह व घटहुआं कला पंचायत से अभी तक प्रतिवेदन समर्पित किया गया है। इसका मतलब है कि शेष पंचायतों में ना तो योजना को ऑनगोइंग किया जा रहा है और ना ही वहां से कारण सहित प्रतिवेदन समर्पित किया जा रहा है। जिसका मतलब है कि सरकार की महत्वाकांक्षी योजना में आपके द्वारा रुचि नहीं ली जा रही है। यह आपकी स्वेच्छाचारिता, मनमानेपन व वरीय पदाधिकारी के आदेश की अवहेलना को प्रमाणित करता है। इस परिस्थिति में बीडीओ के द्वारा लोगों को अंतिम रूप से निर्देशित किया गया है कि 17 मई 2025 तक योजना का ऑनगोइंग करें या कारण सहित प्रतिवेदन निश्चित रूप से समर्पित करें। गढ़वा|बरडीहा थाना क्षेत्र के सुखनदी गांव निवासी नंदू रजवार की पत्नी ऊषा देवी 30 वर्ष कीटनाशक खा कर आत्महत्या करने का प्रयास की। उसे इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना के संबंध में बताया गया कि किसी बात को लेकर घर में विवाद उत्पन हुआ था। उसी बात से उग्र होकर महिला ने कीटनाशक खा ली। घटना के बाद परिजनों ने उसे सदर अस्पताल में भर्ती कराया है। जहां उसका इलाज चल रहा है।


