रांची । विद्या भारती, झारखंड के तत्वावधान में कुदलुम में आयोजित पांच दिवसीय जनजातीय कार्यशाला के समापन समारोह में बुधवार को बतौर मुख्य अतिथि राज्यपाल संतोष गंगवार शामिल हुए। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि हम यहां वास्तविक भारत को देख रहे हैं। यहां भारतीय संस्कृति व मूल्य परक शिक्षा ग्रामीण एवं सुदूरवर्ती क्षेत्र में प्रदान किया जा रहा है। प्रशिक्षण वर्ग में महिलाओं की संख्या अधिक है। यह एक अच्छा संदेश है। हम अपने देश को नारी शक्ति के सहारे सही दिशा दे सकते हैं। जनजातीय क्षेत्रों में आज बहुत ही सक्रियता से कार्य करने की आवश्यकता है। कार्यक्रम की अध्यक्षता समिति के झारखंड अध्यक्ष रामअवतार नारसरिया ने की। कार्यशाला में झारखंड प्रांत के 387 संस्कार केंद्रों के आचार्य शामिल हुए। उन्हें छात्रों को खेल-खेल में सिखाने और पाठ को रोचक बनाए जाने के बारे में बताया गया। कार्यशाला में नई शिक्षा नीति के पाठ्यक्रम के आधार पर सीखने को बल दिया गया। मौके पर क्षेत्र संघचालक देवव्रत पहन, प्रदेश मंत्री ब्रजेश कुमार, सह मंत्री डॉ. पूजा, प्रदेश मंत्री सुखी उरांव, शिक्षा प्रमुख सुहास देशपांडे, कोषाध्यक्ष विष्णु कुमार जालान, प्रदेश सचिव नकुल कुमार शर्मा, रंथु उरांव मौजूद थे।


