नामकुम औद्योगिक क्षेत्र में नाली और सड़क की मरम्मती कार्य से होनेवाली कठिनाइयों के समाधान के लिए नामकुम इंडस्ट्रियल एरिया एंटरप्रन्योर एसोसिएशन ने जियाडा को पत्राचार कर हस्तक्षेप की मांग की। एसोसिएशन के अध्यक्ष हरि शंकर कनोडिया ने कहा कि ठेकेदार द्वारा किए जा रहे इस गैर जरूरी निर्माण कार्य से जियाडा को भी अनावश्यक रूप से आर्थिक नुकसान होगा। वहीं, औद्योगिक इकाइयों को भी कठिनाइयों का सामना करना पड़ेगा। बताया गया कि औद्योगिक क्षेत्र की नालियां पूर्व से ही 3-4 फीट गहरी हैं और अच्छी अवस्था में हैं, उसे ठेकेदार द्वारा उखाड़ा जा रहा है। उन नालियों की केवल मरम्मती मात्र की आवश्यकता थी, लेकिन पता नहीं किन कारणों से नालियों का पुनर्निमाण कार्य कराया जा रहा है। यह वास्तविकता है कि नाली पहले से ही काफी चौड़ी है और इसे केवल न्यूनतम मरम्मत कार्य और केवल एक स्लैब की आवश्यकता है। इसी प्रकार प्लॉट संख्या 5 से लेकर 7 तक की सड़क ढलान (ऊपर से नीचे तक) है। यह सड़क पूर्व से ही ढ़लाई की हुई है और इसपर 2 ईंच की अतिरिक्त पीचिंग भी की गई है। मालूम हो कि औद्योगिक परिसर में 30-30 टन की ट्रकें आती हैं, सड़क और अधिक उंची होने से परिसर का गेट खोलना और गाड़ियों को परिसर में प्रवेश कराना एक कठिन चुनौती हो सकती है, जिसकी अतिशीघ्र समीक्षा आवश्यक है। यह कहां तक न्यायोचित है कि सड़कों की उंचाई 8-10 ईंच तक बढ़ाई जाएगी। भले ही इसकी आवश्यकता हो या नहीं। यह गली पहले से ही ढलान वाली गली है। इस गली पर केवल कंक्रीट की ढलाई पर बनी ब्लैक रोड की ही मरम्मती मात्र की आवश्यकता है। नामकुम इंडस्ट्रियल एरिया एंटरप्रिन्योर एसोसिएशन जियाडा के क्षेत्रीय निदेशक से इस मामले में हस्तक्षेप करते हुए ठेकेदार द्वारा कराए जा रहे इस निर्माण कार्य पर तत्काल रोक लगाने की मांग की गई। विदित हो कि एसोसिएशन द्वारा इस मामले में उद्योग निदेशक, सचिव-उद्योग के अलावा झारखंड चैंबर और जेसिया को भी पत्राचार किया गया है।


