राजधानी की सड़कों की गुणवत्ता सुधारने के लिए नगर निगम ने तय किया है कि डामर (बिटुमिन) केवल सरकारी पेट्रोलियम कंपनियों से ही खरीदा जाएगा। ठेकेदारों के लिए डामर खरीदी के बिल अनिवार्य होंगे। यह कदम सड़कों की उम्र बढ़ाने और बारिश में सड़कों के बार-बार खराब होने की समस्या रोकने के लिए उठाया है। सड़क निर्माण या मेंटेनेंस के दौरान क्षेत्रीय इंजीनियर ठेकेदारों की जांच करेंगे। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि डामर पेट्रोलियम कंपनियों से ही खरीदा गया है। भुगतान से पहले बिल की पुष्टि जरूरी होगी। अब तक ठेकेदार लोकल सप्लायर से डामर खरीदते थे, जिसकी क्वालिटी खराब होती थी। 4000 किमी सड़कों का जिम्मा निगम के पास: भोपाल में 4000 किमी लंबी सड़कें नगर निगम के अंतर्गत आती हैं। इनमें से ज्यादातर सड़कें डामर की हैं। बारिश के दौरान सड़कों के उखड़ने और गड्ढों में तब्दील होने की समस्या आम है। पिछले साल बारिश के बाद गड्ढे भरने के लिए निगम ने 10 करोड़ रुपए खर्च किए। इसके बावजूद कई सड़कों का मेंटेनेंस अधूरा है। ^सभी ठेकेदारों को सरकारी पेट्रोलियम कंपनियों से डामर खरीदना अनिवार्य होगा। भुगतान के समय इसके बिल दिखाने होंगे। -सुबोध जैन, सिटी इंजीनियर (प्रोजेक्ट), नगर निगम


