महिला पशुपालकों को लिए अच्छी खबर है। राज्य सरकार नए साल से उनका सम्मान करेगी। इसमें खासकर उन ग्रामीण महिलाओं को प्राथमिकता दी जाएगी, जिसने पशुपालन के क्षेत्र में नए आयाम बनाए हो, नवाचार किए हो। विभाग द्वारा समय-समय पर आयोजित प्रतियोगिताओं दुग्ध प्रतियोगिता, पशु मेलों में आयोजित नस्ल एवं उत्पादन से संबंधित पशु प्रतियोगिताओं आदि में पुरस्कृत हो चुकी हो। इन महिलाओं को ब्लॉक व जिला स्तर के साथ राज्य स्तर पर भी सम्मानित किया जाएगा। इसके तहत प्रगतिशील महिला पशुपालकों को अपने किसी भी नजदीकी पशु चिकित्सालय में आगामी 31 जनवरी तक जरूरी दस्तावेजों के साथ आवेदन करना होगा। महिला का राजस्थान का मूल निवासी होना आवश्यक होगा। आवेदन के बाद उनके काम की समीक्षा की जाएगी और पहले ब्लॉक, फिर जिला एवं आखिर में राज्य स्तर पर चयनित करते हुए उनका समान व नकद पुरस्कार भी दिया जाएगा। इसके पीछे सरकार की मंशा है कि ग्रामीण इलाकों में अपनी मेहनत से पशुपालन के माध्यम से परिवार के लिए रोजगार जुटाने वाली महिला पशुपालकों को आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया जा सके। यह रहेगी चयन की पूरी प्रकिया वर्ष 2024-25 के लिए पशुपालक समान योजना के अंतर्गत पहले चरण में राज्य की प्रत्येक पंचायत समिति स्तर से एक-एक महिला पशुपालक का चयन किया जाएगा। इसके बाद प्रत्येक जिले की सभी पंचायत समितियों के स्तर पर प्रथम स्थान पर चयनित पशुपालकों में से किन्ही दो का चयन जिला स्तर पर तथा बेहतरीन कार्य के आधार पर दो अन्य महिला पशुपालकों का चयन राज्य स्तर के लिए होगा। इसके बाद आखिर में सभी जिलों से आने वाले दो-दो नामों में से राज्य स्तर पर चयनित किया जाएगा। वहीं आवेदकों में से चयनित पशुपालक को पंचायत समिति स्तर पर 10 हजार तथा जिला स्तर पर 25 हजार एवं राज्य स्तर पर 50 हजार रुपए की राशि प्रोत्साहन पुरस्कार एवं राज्य स्तरीय उत्कृष्ट महिला पशुपालक का समान राजधानी जयपुर में आयोजित राज्य स्तरीय समारोह में प्रदान किया जाएगा।


