बाड़मेर जिले के विभिन्न स्थानों पर पशु चिकित्सा शिविरों का आयोजन पशुपालन विभाग बाड़मेर के संयुक्त निदेशक डॉ. विनय मोहन खत्री के निर्देशानुसार किया गया। ईशरोल पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. रावताराम भाखर ने बताया कि पशु चिकित्सालय ईशरोल के बेनर तले गोदारों की ढाणी में पशु चिकित्सा एवं बांझपन निवारण शिविर का आयोजन किया गया। जिसमें डॉ. भाखर ने पशुपालकों को संबोधित करते हुए कहा कि सर्दी के समय पशुओं का स्वास्थ्य प्रबंधन के साथ आवास प्रबंधन पर ध्यान देने की आवश्यकता है। छोटे पशुओं में न्यूमोनिया होने की संभावना सर्दियों बढ़ जाती है। लेकिन पशुओं के बीमार होने का खतरा भी बहुत बढ़ जाता है। इस मौसम में पशुधन को खराब मौसम से बचाने की आवश्यकता होती है ताकि पशुओं से प्राप्त उत्पादन के स्तर को बनाए रखा जा सके। कैलाश कुमार पशुधन सहायक ने बताया कि हमें पशुओं के पोषण तथा प्रबंधन पर विशेष ध्यान देना चाहिए। इस दौरान 25 पशुपालकों के 346 बकरी, 252 भेड़, 28 गोवंश व 14 भैंस का उपचार किया।


