कपूरथला के सुल्तानपुर लोधी में किसानों द्वारा बनाए गए अस्थायी बांध में करीब 100 फीट की दरार आ गई है। इससे ब्यास नदी का पानी 16 गांवों में फैल गया है। बाऊपुर गांव के पास आई दरार से खड़ी धान की फसलें 4-5 फीट पानी में डूब गई हैं। मंड मोहम्मदाबाद, बाऊपुर, संगरा, पस्सन कदीम और शादुल्लापुर समेत कई गांवों में पानी भर गया है। तेज बहाव के कारण लोगों के घरों में भी पानी घुस गया है। किसानों की फसलें, मशीनें और पशु प्रभावित हुए हैं। प्रभावित किसान धुस्सी बांध की ढलान और छतों पर शरण ले रहे हैं। प्रभावित गांवों का दौरा करने पहुंचे डीसी
डीसी अमित कुमार पंचाल के नेतृत्व में प्रशासन की टीम ने बाढ़ प्रभावित गांवों का दौरा किया। डीसी ने ट्रैक्टर पर चढ़कर प्रभावित इलाकों का निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि धुस्सी बांध सुरक्षित है। बाढ़ का पानी कम होने पर जल निकासी विभाग किसानों की मदद से दरार को भर देगा। संत सीचेवाल ने क्षेत्र का दौरा किया। उन्होंने बताया कि उनके अनुयायी स्थिति पर नजर रखे हुए हैं। ब्यास नदी में अभी भी एक लाख क्यूसेक पानी बह रहा है। प्रभावित किसानों ने प्रशासन से नष्ट हुई फसलों का मुआवजा मांगा है।


