रूपनगर नगर कौंसिल में आज यानी बुधवार को कांग्रेस पार्टी के अंदर बड़ा राजनीतिक उथल-पुथल हुआ है। कांग्रेस के पार्षदों ने अपनी ही पार्टी के कौंसिल प्रधान संजय वर्मा के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पारित कर दिया है। प्रस्ताव के समय कांग्रेस के 16 पार्षदों और आम आदमी पार्टी समर्थित 2 निर्दलीय पार्षदों ने संजय वर्मा के विरोध में मतदान किया। अकाली दल की कौंसिलर बैठक में नहीं आई। संजय वर्मा कांग्रेस पार्टी की टिकट पर चुनाव जीतकर बहुमत से नगर कौंसिल के प्रधान बने थे। पिछले कुछ दिनों से उन्हें पद से हटाने की मांग तेज हो गई थी। विकास कार्य नहीं होने के कारण उठाया कदम- पार्षद
कांग्रेस के पार्षदों का कहना है कि शहर में विकास कार्य नहीं होने के कारण उन्हें यह कदम उठाना पड़ा। आम आदमी पार्टी समर्थित पार्षदों ने इसे कांग्रेस की आंतरिक लड़ाई बताया है। उन्होंने कांग्रेस पार्षदों का साथ तो दिया, लेकिन कांग्रेस को खुला समर्थन देने से इनकार कर दिया। एसडीएम डॉ. संजीव कुमार ने बताया कि अविश्वास प्रस्ताव को सरकार के पास भेजा जाएगा। सरकार की कार्रवाई के बाद ही अगली प्रक्रिया शुरू होगी।


