पंजाब में बारिश और बांधों से लगातार छोड़े जा रहे पानी के कारण 7 जिले बाढ़ की चपेट में हैं। नदियों में बढ़ रहा पानी का स्तर लगातार गांवों को चपेट में ले रहा है। बुधवार को जहां अमृतसर के अजनाला में 15 के करीब गांव चपेट में थे, अब यह आंकड़ा बढ़कर 25 के करीब पहुंच चुका है। इसी बीच हल्की राहत है कि राज्य में गुरुवार को बारिश का कोई अलर्ट नहीं है। मौसम विभाग ने जम्मू-कश्मीर के लिए भी कोई अलर्ट जारी नहीं किया है। इससे रावी नदी में आए उफान से हल्की राहत मिल सकती है, लेकिन हिमाचल प्रदेश के 5 जिलों में बारिश का यलो अलर्ट है। इन जिलों में सामान्य से अधिक बारिश हुई तो इसका असर ब्यास नदी में देखने मिलेगा। 30 तक राज्य के स्कूल बंद
पंजाब सरकार ने बाढ़ प्रभावित इलाकों में सरकारी कर्मचारियों-अधिकारियों की छुट्टियां कैंसिल कर दी हैं। प्रदेश के सभी 23 जिलों में कंट्रोल रूम बनाए गए हैं। 30 अगस्त तक सभी स्कूल पहले ही बंद किए जा चुके हैं। रावी-ब्यास और सतलुज नदी का जलस्तर बढ़ने से पठानकोट, गुरदासपुर, तरनतारन, होशियारपुर, कपूरथला, फिरोजपुर और फाजिल्का जिले के 150 से अधिक गांव बाढ़ की चपेट में हैं। यहां NDRF, SDRF और सेना को रेस्क्यू में लगाया गया है। करतारपुर साहिब कॉरिडोर के साथ-साथ पाकिस्तान में करतारपुर साहिब गुरुद्वारा परिसर में पानी भर गया है। बाढ़ के PHOTOS… कल से नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस होगा एक्टिव
पंजाब में नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस कल से एक्टिव हो रहा है। मौसम विभाग ने शुक्रवार से दोबारा राज्य में बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। हिमाचल प्रदेश से सटे इलाकों में इसका ज्यादा असर देखने मिलेगा। जबकि अन्य जिलों में भी सामान्य बारिश के आसार हैं। पंजाब के अलावा हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में भी 1 सितंबर तक भारी बारिश का अलर्ट है। एक दिन की राहत के बाद पंजाब में हालात फिर से असामान्य हो सकते हैं। बुधवार को बाढ़ की बड़ी घटनाएं…


