कटनी जिले में सोमवार से एक बार फिर से कड़ाके की ठंड शुरू हो गई है। आज अधिकतम तापमान 21 और न्यूनतम तापमान 9 पर रहा। ठंड के कारण लोग दिन में ही गर्म कपड़े पहने नजर आ रहे थे। शाम होते ही ठंड का असर और बढ़ गया। शाम साढ़े बजे तापमान 18 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। ठंड के अलावा शीतलहर भी चल रही है। जिसके कारण लोगों को ठंड से परेशानी हो रही है। शाम होते ही शहर के कई स्थानों में अलाव जला लिए गए। इससे पहले शनिवार को बारिश होने के बाद आसमान में बादल छाए रहने से ठंड का असर कम था। रविवार को भी आसमान में बादल छाए रहने से ठंड कम थी। लेकिन सोमवार को बादल हटने के बाद से ठंड काफी बढ़ गई है। वहीं ठंड और शीतलहर से बचने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने एडवायजरी जारी कर दी है। मुख्य चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आरके अठ्या ने बताया शीतलहर का नकारात्मक प्रभाव पांच साल से कम आयु के बच्चों और वृद्धजनों पर अधिक होता है। इसके अलावा दिव्यांगजनों, बेघर व्यक्तियों, लंबे समय से बीमार मरीजों और खुले में व्यवसाय करने वाले छोटे व्यापारियों पर भी शीतलहर का प्रभाव पड़ता है। ठंड और शीतलहर के कारण नाक बहना, नाक बंद होना, फ्लू, नाक-कान से खून आना, हाथ की ऊंगलियों, कान-नाक, पैर की उंगलियों में सफेदी, फीकापन, कपकपी आना, बोलने में कठिनाई, अधिक नींद अना और मांसपेशियों में अकड़न, सांस लेने में तकलीफ, कमजोरी, हाईपोथरमिया और अत्पताप जैसे लक्षण सामान्यतः पाए जाते है। एडवायजरी में कहा गया है कि इस तरह के लक्षण पाए जाने पर तत्काल चिकित्सक की सलाह लेने, नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्र में इलाज कराने और ऊनी कपड़ों को कई परतों में उपयोग करने की सलाह दी गई है।


