उधारी के पैसे नहीं चुकाने पर एक दुकानदार के अपहरण का मामले सामने आया है। पता लगने पर पुलिस ने बदमाशों का पीछा किया और 6 घंटे में बदमाशों के चंगुल से दुकानदार को छुड़वाया। घटना आरकेपुरम थाना क्षेत्र की है। अपहरण के आरोप में पुलिस ने दो सगे भाई समेत तीन बदमाश व एक नाबालिग को पकड़ा है। आरकेपुरम थाना सीआई महेंद्र मारू ने बताया कि आरकेपुरम निवासी ताराचंद जैन ने दुकान खोलने के लिए विष्णु नाम के युवक से रूपए उधार लिए थे। उधार लिए पैसे व ब्याज समय पर नहीं लौटने पर 18 सितंबर की रात को विष्णु अपने साथियों के साथ ताराचंद का अपहरण कर ले गया। फिर 19 को ताराचंद के बड़े भाई विमल जैन के फोन कर उधारी के पैसे मय ब्याज मांगे। पैसा नहीं लौटने पर जान से मारने की धमकी दी। इस सम्बंध में ताराचंद के भतीजे तनिष ने 19 सितंबर को थाने में शिकायत दी। शिकायत पर कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम का गठन किया गया। मूखबीर की सूचना व तकनीकी सहायता से आरोपी की लोकेशन ट्रेस की। आरोपी विष्णु ऐरवाल (23) मनोज कुमार ऐरवाल (25),राम प्रताप योगी (27) हाल निवासी महावीर नगर सेकंड को गिरफ्तार किया, साथ ही एक नाबालिग को भी पकड़ा। जिसे बाल सम्प्रेषण गृह नयागांव भेजा है। पुलिस पूछताछ में ताराचंद जैन ने बताया कि वो 18 की रात को सब्जी लेकर स्कूटी से घर लौट रहे थे।रामलीला मैदान आरकेपुरम इलाके में विष्णु व रामप्रताप ने उन्हें रोका। जबरन बाइक पर बैठाकर दूधियाखेड़ी माताजी के जंगल में ले गए। रातभर उधारी के पैसे मांगकर धमकाते रहे। अगले दिन सुबह जल्दी दूधिया खेड़ी के जंगलों से सांगोद होते हुए सोरसन की तरफ ले जा रहे थे। काली सिंध पुलिया पर ले जाकर भाई विमल को फोन किया और ब्याज सहित 3 लाख नहीं देने पर जान से मारने की धमकी दी।


