सिरोही में शारदीय नवरात्र के अवसर पर जगदम्बे नवयुवक मंडल ने अपनी 53वीं गरबा आयोजन के बाद माता रानी की प्रतिमा का विसर्जन किया। शनिवार देर शाम रामझरोखा मैदान से गाजे-बाजे के साथ प्रतिमा को कालकाजी सरोवर तक ले जाया गया और विधि-विधान से जल में विसर्जित किया गया। मंडल के संरक्षक लोकेश खण्डेलवाल ने बताया कि विसर्जन से पहले पूजा पंडाल में माता की प्रतिमा की भक्ति भाव से पूजा-अर्चना की गई। इसके बाद ढोल-थाली और जयकारों के साथ माता की मूर्ति को वाहन पर रखकर कालकाजी तालाब तक लाया गया। तालाब पर पंडित जीवनलाल ओझा ने मंत्रोच्चारण के साथ अभिषेक पूजा विधि संपन्न करवाई। मंडल के मुख्य संरक्षक सुरेश सगरवंशी, गांधीभाई पटेल, विजय पटेल, प्रकाश खारवाल और अध्यक्ष अतुल रावल सहित अन्य सदस्यों ने पूजन में भाग लिया। उन्होंने नगर के सभी भक्तों के दुख निवारण और सुख-समृद्धि की कामना की। विदाई के समय माता की प्रतिमा के साथ भोजन-भाता और श्रृंगार सामग्री भी रखी गई। यह परंपरा बेटियों की विदाई के समान मानी जाती है, जिसमें उन्हें खाने-पीने का सामान और श्रृंगार सामग्री भेंट की जाती है। जगदम्बे मंडल प्रतिवर्ष इसी परंपरा का पालन करते हुए माता को विदा करता है। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने माता से अगले वर्ष पुनः आने का निमंत्रण देते हुए क्षमा याचना की।


