यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन (UGC) ने एनएसयूआई (NSUI) की शिकायत पर संज्ञान लेते हुए मध्यप्रदेश में संचालित फर्जी प्राइवेट यूनिवर्सिटीज के खिलाफ कार्रवाई के लिए पीएस हायर एजुकेशन को पत्र लिखा है। पत्र में UGC ने स्पष्ट किया है कि फर्जी प्राइवेट यूनिवर्सिटीज पर कार्रवाई का अधिकार राज्य सरकार के पास है। यूजीसी ने अपने पत्र में एनएसयूआई प्रदेश उपाध्यक्ष रवि परमार द्वारा की गई शिकायत का उल्लेख किया है। शिकायत में उन्होंने बताया था कि राज्य में शिक्षा माफिया द्वारा संचालित फर्जी प्राइवेट यूनिवर्सिटीज, UGC के नियमों का उल्लंघन कर रहे हैं। UGC ने निर्देश दिया है कि राज्य सरकार इन यूनिवर्सिटीज की जांच कर उपयुक्त कार्रवाई के बाद यूजीसी को अपनी टिप्पणी भेजे। शिकायत में इन बिन्दुओं को उठाया एनएसयूआई बोला
रवि परमार ने कहा कि मध्यप्रदेश में संचालित सभी प्राइवेट यूनिवर्सिटी की गहन जांच की जाए और फर्जी प्राइवेट यूनिवर्सिटी को बंद कर दोषी संस्थानों पर कानूनी कार्रवाई की जाए। यह कदम छात्रों के भविष्य को सुरक्षित करने और शिक्षा प्रणाली में सुधार के लिए आवश्यक है। रवि परमार ने कहा, “फर्जी प्राइवेट यूनिवर्सिटीज छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ कर रही हैं। हम राज्य सरकार और UGC से आग्रह करते हैं कि इस मामले में सख्त कदम उठाए जाएं और दोषी संस्थानों को बंद किया जाए।”


