अमरावद कलां| 1008 चांदी खेड़ी वाले दादा द्वारा शुरू की गई अखंड सीताराम नाम संकीर्तन परंपरा आज भी मानस समाज में जीवित है। यह परंपरा लाल महाराज के सानिध्य में सनातन संस्कृति को मजबूत कर रही है। इसी कड़ी में ग्राम डूबतलाई में भव्य अखंड सीताराम संकीर्तन हुआ। लाल महाराज ने बताया कि यह संकीर्तन पूरे साल बिना रुके चलता है। इसमें मध्यप्रदेश के विभिन्न हिस्सों से श्रद्धालु जुड़ते हैं। आयोजन में आयोजक परिवार ने गांव, आसपास के क्षेत्र और जिले के सभी सीताराम संकीर्तन मंडलों को आमंत्रित किया। कीर्तन मंडलों ने भावपूर्ण भजन प्रस्तुत किए। वातावरण भक्तिरस से भर गया। बड़ी संख्या में सनातन प्रेमियों ने पहुंचकर संकीर्तन का आनंद लिया।


