जैक 10वीं बोर्ड का रिजल्ट जारी कर दिया गया है। जिसमें जिले से कुल 30,544 छात्र पास हुए हैं। रिजल्ट के बाद छात्र 11वीं में अपने पसंदीदा कॉलेज में नामांकन के लिए फॉर्म भर रहे हैं। जिले में सरकारी प्लस 2 हाई स्कूलों की संख्या 37 है। जहां एडमिशन के लिए सीटों की संख्या की बाध्यता नहीं है। संबद्ध अल्पसंख्यक समेत प्लस टू हाई स्कूलों की संख्या 20 है। पिछले साल इन स्कूलों में जैक की ओर से 384 सीटों पर एडमिशन लेने का निर्देश जारी किया गया था। जिसे बाद में 384 से 1 यूनिट 128 सीट बढ़ाकर 512 किया गया था। इस साल संबद्ध अल्पसंख्यक समेत प्लस टू हाई स्कूलों में ही सीटों की संख्या 30,720 है। जो पास हुए छात्रों की संख्या से भी अधिक है। इसके अलावा 37 सरकारी प्लस 2 हाई स्कूलों में भी सीटें हैं। संत जेवियर्स कॉलेज : संत जेवियर्स इंटरमीडिएट कॉलेज के प्रिंसिपल फादर अजय अनिल तिर्की ने बताया कि इस साल तीनों संकाय में एडमिशन के लिए लगभग 3500 आवेदन आए हैं। पिछले साल विज्ञान में 495, कला में 384 और वाणिज्य में 324 सीटों पर एडमिशन लिया गया था। इस साल जैक की ओर से सीट निर्धारण के बाद ही एडमिशन की प्रक्रिया पूरी हेागी । कितनी सीटों पर एडमिशन लेंगे इस विषय पर संशय बना हुआ है। उर्सुलाइन इंटरमीडिएट कॉलेज की प्रिंसिपल सि. डॉ. मेरी ग्रेस ने बताया कि साल 2024 में विज्ञान में 1024, कला में 1024 और वाणिज्य में 768 सीट पर एडमिशन लिया गया था। शुरुआत में 512 सीटों पर ही एडमिशन लेने का निर्देश दिया गया था। इसके बाद कॉलेज की ओर से जैक बोर्ड को कई बार पत्र भेजा गया। जिसके बाद कॉलेज का इंस्पेक्शन डीइओ के द्वारा किया गया। जिसके बाद 512 सीट में 2 यूनिट और जोड़ा गया। जिसके बाद सीट की संख्या बढ़कर 1024 हुई। लेकिन यह प्रक्रिया दिसंबर में पूरी की गई थी, जिस कारण बढ़ाई गईं सीटों पर एडमिशन की प्रक्रिया पूरी नहीं की जा सकी। बढ़ाई गई सीटें साल 2024-26 तक के लिए ही मान्य है। साल 2025-27 बैच में एडमिशन के लिए फिलहाल सीटों का निर्धारण नहीं किया गया है। प्रिंसिपल ने बताया कि एडमिशन फॉर्म भरने वालों की संख्या लगभग 3500 है, इसमें विज्ञान संकाय में ही 2000 से अधिक आवेदन आए है। कहा, सीट के अभाव में बहुत सारे छात्र अच्छी शिक्षा से वंचित रह जाएंगे।


