इंदौर में दूषित जल के कारण हुई मौतों को लेकर विवाद जारी है। इसी क्रम में रविवार दोपहर 12:30 बजे बुरहानपुर में जिला कांग्रेस कमेटी ने लालबाग रोड स्थित पूर्व मंत्री और बुरहानपुर विधायक अर्चना चिटनिस के निवास के बाहर विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेताओं ने यहां ‘घंटा बजाओ आंदोलन’ किया। इस दौरान पुलिस ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं को विधायक निवास तक जाने से रोक दिया। सभी नेताओं को सड़क पर ही रोक लिया गया। शहर कांग्रेस अध्यक्ष रिंकू टाक सहित अन्य नेताओं ने पांच लोगों के साथ विधायक से मिलने की अनुमति मांगी, लेकिन पुलिस ने इसकी इजाजत नहीं दी। प्रदर्शन के दौरान नारेबाजी भी हुई। कांग्रेस नेताओं ने मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के बयान की निंदा की, जिसे इंदौर की घटना से जोड़ा जा रहा है। कांग्रेस के कई नेता और सदस्य मौजूद थे
आंदोलन में पूर्व विधायक ठाकुर सुरेंद्र सिंह, पूर्व विधायक हमीद काजी, नगर निगम अध्यक्ष अनीता यादव सहित जिला कांग्रेस कमेटी, पार्षद दल, महिला कांग्रेस, युवक कांग्रेस, अल्पसंख्यक कांग्रेस, एनएसयूआई, किसान कांग्रेस और सेवादल कांग्रेस के कई नेता और सदस्य मौजूद रहे। शहर कांग्रेस अध्यक्ष रिंकू टाक ने बताया कि यह आंदोलन प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के आह्वान पर किया जा रहा है और यह तब तक जारी रहेगा जब तक मंत्री कैलाश विजयवर्गीय इस्तीफा नहीं दे देते। विधायक से मिलने की देर तक जिद की
नगर निगम अध्यक्ष अनीता अमर यादव ने कहा कि इंदौर में 16 लोगों की मौत के विरोध में यह प्रदर्शन दर्ज कराया गया है। विधायक अर्चना चिटनिस अपने निवास पर ही मौजूद थीं। बताया जा रहा है कि उन्होंने कांग्रेस नेताओं को चाय पर बुलाने का न्योता भी दिया था। हालांकि, पुलिस ने सुरक्षा कारणों से कांग्रेस नेताओं को विधायक निवास के पास तक नहीं जाने दिया। सीएसपी गौरव पाटिल और उनकी टीम ने उन्हें बाहर ही रोक लिया। कांग्रेसियों ने विधायक से मिलने की काफी देर तक जिद की। पहले भी एक बार ऐसे ही विरोध प्रदर्शन के दौरान दूसरे संगठन के लोग भी वहां आ गए थे इसलिए सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस ने अनुमति नहीं दी। कुछ देर घंटा बजाकर विरोध जताने के बाद कांग्रेस नेता वापस लौट गए।


