इंदौर और बिलासपुर के बीच सफर करने वाले लाखों यात्रियों के लिए खुशखबरी! पश्चिम मध्य रेलवे ने गाड़ी संख्या 18233/18234 इंदौर-बिलासपुर (नर्मदा) एक्सप्रेस को आधुनिक एलएचबी (लिंके हॉफमैन बुश) रेक में बदलने का फैसला लिया है। यह बदलाव यात्रियों की सुरक्षा, आराम और बेहतर यात्रा अनुभव को प्राथमिकता देते हुए किया गया है।
रेलवे के अनुसार, अब तक यह ट्रेन पारंपरिक आईसीएफ रेक से चल रही थी, लेकिन एलएचबी रेक के शामिल होने से ट्रेन की संरक्षा व्यवस्था में उल्लेखनीय सुधार होगा। एलएचबी कोच आधुनिक तकनीक से बने होते हैं, जो उच्च गति पर भी ज्यादा सुरक्षित होते हैं और दुर्घटना की स्थिति में कम नुकसान पहुंचाते हैं। इनमें बेहतर ब्रेकिंग सिस्टम, कम शोर, कम झटके और ज्यादा आरामदायक बैठने-लेटने की व्यवस्था मिलती है। रेलवे जनसंपर्क अधिकारी मुकेश कुमार ने बताया कि गाड़ी संख्या 18233 (इंदौर-बिलासपुर) 31 मार्च 2026 से और गाड़ी संख्या 18234 (बिलासपुर-इंदौर) 30 मार्च 2026 से एलएचबी रेक के साथ संचालित होगी। रेलवे ने स्पष्ट किया है कि ट्रेन के आगमन-प्रस्थान समय, ठहराव और रूट में कोई बदलाव नहीं किया गया है। यात्री पहले की तरह ही अपने निर्धारित समय पर यात्रा कर सकेंगे। नए रेक में कुल 20 कोच होंगे • 1 फर्स्ट एसी कोच • 1 सेकंड एसी कोच • 5 थर्ड एसी कोच • 9 स्लीपर कोच • 4 सामान्य श्रेणी के कोच यात्रा ज्यादा स्मूद, सुरक्षित और आरामदायक होगी यह अपग्रेड इंदौर, उज्जैन, रतलाम मंडल क्षेत्र के साथ ही मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के हजारों यात्रियों के लिए बड़ी राहत लेकर आया है। लंबी दूरी की इस ट्रेन में अब यात्रा ज्यादा स्मूद, सुरक्षित और आरामदायक होगी। यात्री इस बदलाव का स्वागत कर रहे हैं और रेलवे से अन्य ट्रेनों में भी ऐसे अपग्रेड की मांग कर रहे हैं। अधिक जानकारी के लिए यात्री रेलवे की आधिकारिक वेबसाइट या ऐप चेक कर सकते हैं।


