सागर इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी (SISTec), गांधी नगर के मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग ने मंगलवार को इलेक्ट्रिक व्हीकल कंपोनेंट टेस्टिंग और वैलिडेशन रिसर्च लैबोरेटरी का उद्घाटन किया। यह लैब इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) तकनीक में नवाचार और शोध को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह प्रयोगशाला सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (COE) के रूप में स्थापित की गई है। जो ग्लोबल ऑटोमोटिव प्रा. लिमिटेड, गोविंदपुरा इंडस्ट्रियल एरिया, भोपाल के सहयोग से बनाई गई है। यह लैब शिक्षा और उद्योग के बीच की खाई को पाटने के उद्देश्य से बनाई गई है और इसमें EV मोटर कंट्रोलर्स, चार्जर्स और बैटरी थर्मल सिस्टम्स (BTS) पर शोध और विकास के लिए अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। रिसर्च लैब का उद्घाटन मुख्य अतिथि विकास शेंडे, प्रिंसिपल साइंटिस्ट, MPCST द्वारा किया गया। उन्होंने इलेक्ट्रिक व्हीकल तकनीक के मानकीकरण और भविष्य पर एक प्रेरणादायक व्याख्यान दिया। उद्घाटन के अवसर पर EV तकनीक के प्रमुख पहलुओं पर केंद्रित एक व्याख्यान श्रृंखला आयोजित की गई, जिसमें BEVs (बैटरी से संचालित पूरी तरह इलेक्ट्रिक वाहन) और HEVs (इलेक्ट्रिक मोटर्स और गैस इंजन के सहज एकीकरण) पर चर्चा की गई। रिसर्च लैब का उद्घाटन में सिस्टेक की ग्रुप डायरेक्टर डॉ. ज्योति देशमुख उपस्थित रहीं, जिन्होंने इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के लिए किए गए सहयोगात्मक प्रयासों की सराहना की और सिस्टेक के प्रिंसिपल, डॉ. डी.के. राजोरिया ने इस प्रयोगशाला को नवाचार को बढ़ावा देने और छात्रों की क्षमता को बढ़ाने में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।


