भास्कर न्यूज | अमृतसर गुरु नानक देव अस्पताल और मेडिकल कालेज में 78 दिनों से आउटसोर्स इलेक्ट्रिक मुलाजिमों का धरना दिन-रात चल रहा है। इस बीच मुलाजिमों की न तो सरकार के किसी नुमाइंदे, न मेडिकल सुपरिंटेंडेंट और मेडिकल कालेज के प्रिंसिपल ने कोई सुध नहीं ली। इन मुलाजिमों का नए सिरे से ठेका करके इनके बीते 10-20 साल के अनुभव को खत्म कर दिया गया था। इनकी मांग थी कि उनको जीएनडीएच के अंडर ही रखा जाए, नए सिरे से उनके पिछले सालों का एक्सपीरियंस खत्म हो जाएगा। अब धरना लगाने के बाद उन्हें पिछले सालों के एक्सपीरियंस लेटर तो दे दिए गए, लेकिन उनकी जगह पर दूसरी भर्ती करके उनके रोजगार को छीन लिया गया। कर्मचारियों ने कहा कि चुनावों के दौरान सीएम ने कहा था कि हम आम घरों के लोग हैं, लेकिन हकीकत कुछ और ही है। भारतीय जत्थेबंदी संघर्ष मोर्चा और किसान यूनियन बीकेयू एकता उग्राहां के साथ मिलकर वह जल्द ही संघर्ष करेंगे। प्रधान कशमीर सिंह, डॉ. परमिंदर सिंह, टीसीयूएल यूनियन के प्रधान मलकीत सिंह और पीडब्ल्यूडी यूनियन पंजाब के प्रधान जसप्रीत सिंह गगन इस मोर्चे की हिमायत करेंगे। इस मौके पर हरमिंदर सिंह, धरमवीर सिंह, कुलवंत सिंह, बख्शीश सिंह, जसविंदर सिंह, जगजीत सिह, मनजीत सिंह, संदीप सिंह, कुलदीपि सिंह आदि मौजूद थे।


