किशनगढ़बास की निजी स्कूल में विधिक जागरूकता एवं मानसिक स्वास्थ्य पर विशेष जागरूकता शिविर हुआ। शिविर का उद्देश्य छात्रों और शिक्षकों को मानसिक स्वास्थ्य के प्रति सजग करना और उन्हें नालसा (राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण) की योजनाओं की जानकारी प्रदान करना रहा। कार्यक्रम में पैरालीगल वॉलंटियर (पीएलवी) सूरजभान कछवाहा एवं पीएलवी गुलाब शर्मा ने उपस्थित छात्रों और शिक्षकों को नालसा की “मानसिक रूप से बीमार एवं बौद्धिक रूप से असक्षम व्यक्तियों के लिए विधिक सेवाएं” कार्यक्रम के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मानसिक रोग से पीड़ित या बौद्धिक रूप से असक्षम व्यक्तियों को निशुल्क विधिक सहायता, परामर्श, संरक्षण और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही हैं। पीएलवी सूरजभान कछवाहा ने कहा कि आज के समय में बढ़ता तनाव, परीक्षा का दबाव, पारिवारिक समस्याएं एवं सामाजिक चुनौतियां मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित कर रही हैं। ऐसे में मानसिक स्वास्थ्य पर जागरूकता शिविर आयोजित करना अत्यंत आवश्यक है, ताकि लोग समय रहते अपनी समस्याओं को पहचान सकें और उचित सहायता प्राप्त कर सकें। वहीं पीएलवी गुलाब शर्मा ने बताया कि मानसिक समस्याओं को छिपाने के बजाय खुलकर चर्चा करना और विशेषज्ञों की सहायता लेना जरूरी है। शिविर के दौरान छात्रों को मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े सामान्य लक्षण, उनके समाधान तथा कानूनी अधिकारों के बारे में सरल भाषा में समझाया गया। अंत में प्रश्नोत्तर सत्र के माध्यम से छात्रों की जिज्ञासाओं का समाधान किया गया।


