छत्तीसगढ़ के गौरेला पेंड्रा मरवाही जिले में कुपोषण और एनीमिया से बच्चों को बचाने के लिए शिशु संरक्षण माह की शुरुआत हुई। कलेक्टर लीना कमलेश मंडावी ने जिला चिकित्सालय में बच्चों को दवाई पिलाकर इस अभियान का शुभारंभ किया। यह अभियान 21 फरवरी तक चलेगा, जिसमें 9 माह से 5 साल तक के बच्चों को विटामिन ए और आयरन-फोलिक एसिड सिरप दिया जाएगा। जिले में करीब 32,923 बच्चों को विटामिन ए और 34,860 बच्चों को आयरन व फोलिक एसिड सिरप पिलाने का लक्ष्य रखा गया है। इस एक महीने के अभियान के दौरान सभी स्वास्थ्य केंद्रों और आंगनबाड़ी केंद्रों में विशेष सेवाएं दी जाएंगी। इनमें बच्चों का वजन और हीमोग्लोबिन की जांच, एनीमिया की पहचान, और नवजात शिशुओं के लिए स्तनपान संबंधी मार्गदर्शन शामिल है। गंभीर रूप से कुपोषित बच्चों की पहचान कर उन्हें पोषण पुनर्वास केंद्र में भर्ती किया जाएगा। साथ ही, 5 वर्ष तक के बच्चों का नियमित टीकाकरण और गर्भवती महिलाओं को आयरन की गोलियां वितरित की जाएंगी। कार्यक्रम में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. रामेश्वर शर्मा, सिविल सर्जन डॉ. देवेंद्र पैकरा, डीपीएम विभा टोप्पो और जिला टीकाकरण अधिकारी के.के. सोनी सहित चिकित्सकीय स्टाफ और बच्चों के परिजन मौजूद रहे।


