भास्कर न्यूज| चाईबासा कोल्हान विश्वविद्यालय के पीजी डिपार्टमेंट में पेयजल की सुविधा न होने की वजह से विद्यार्थी परेशान हैं। 23 विभाग के विद्यार्थी पानी के लिए तरसने को मजबूर हैं। केयू छात्र संघ अध्यक्ष सनातन पिंगुवा ने कहा कि कई वर्षों तक संघर्ष के बाद कोल्हान विश्वविद्यालय की स्थापना 2009 में हुई। ताकि यहां गरीब से गरीब छात्रों को उच्च शिक्षा मिले। कोल्हान प्रशासन को इस संबंध में कई बार आवेदन के माध्यम से अवगत कराए जाने के बावजूद पेयजल की समस्या को दूर नहीं किया जा सका। 2019 में रूंगटा माइंस द्वारा एक्वागार्ड लगवाया गया था लेकिन विश्वविद्यालय प्रशासन की लापरवाही की वजह से मेंटेनेंस नहीं हुआ और 1 साल के अंतराल में ही खराब हो गया। छात्र नेता सनातन पाट पिंगुवा ने कहा कि स्नातकोत्तर पीजी में ज्यादातर विद्यार्थी ग्रामीण क्षेत्र से गाड़ी में सफर कर आते हैं। दो-तीन साल से पानी की समस्या है। घर से बोतल में पानी लेकर आना पड़ रहा है। पांच दिन के अंदर समस्या का समाधान नहीं होता है तो कोल्हान विश्वविद्यालय में छात्र संगठन आंदोलन करने पर मजबूर होगा। ^पीने के पानी की समस्या आज से नहीं लगातार 2 साल से है। केयू प्रशासन को समस्या के समाधान के लिए पत्र लिखा जा रहा है, लेकिन कोई सुनने वाला नहीं। केयू प्रशासन एसी रूम में बैठकर सिर्फ आश्वासन दे रहा है। प्रीति गोप। ^पीने की पानी के लिए विद्यार्थी बहुत परेशान हैं। हम लोगों ने कई बार शिकायत की, लेकिन समस्या सुनने के लिए कोई तैयार नहीं। बाथरूम में भी पानी नहीं आता है। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि पानी के अभाव में विद्यार्थियों को किस तरह की परेशानियों से गुजरना पड़ रहा है। श्रुति रानी गोप।


