श्री गुरु गोबिंद सिंह जी महाराज के प्रकाशोत्सव पर कोट खालसा सुंदर नगर से नगर कीर्तन निकाला गया। पांच प्यारों की रहनुमाई और श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की छत्रछाया में निकाले नगर कीर्तन में जो बोले सो निहाल, सत श्री अकाल के जयकारे लगे। सुंदर नगर के गुरुद्वारा साहिब के ग्रंथी साहिब की ओर से नगर कीर्तन आरंभ की अरदास की गई। सुंदर नगर से निकाले नगर कीर्तन के आगे-आगे पांच प्यारे चल रहे थे। वहीं फूलों से सजी पालकी में श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी को विराजमान किया गया था। कोट खालसा सुंदर नगर से चल कर नगर कीर्तन कोट खालसा चौक, इंद्रा कालोनी से होते कबीर पार्क, माडल टाउन, खंडवाला, जीटी रोड से होते वापस गुरुद्वारा साहिब पहुंचा। सारे रास्ते संगत ने गुरु जस गाया। वहीं नगर कीर्तन में शामिल संगत को रास्ते में कई तरह का लंगर बांटा गया।


