गुना से नईसराएं जा रही एक यात्री बस में क्षमता से दोगुना से भी ज्यादा सवारियां भरी मिलने पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। यातायात पुलिस की चेकिंग के दौरान 32 सीटर बस में 70 से 80 यात्री भेड़-बकरियों की तरह ठुंसे हुए पाए गए। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए ट्रैफिक पुलिस ने बस को तत्काल जब्त कर लिया और उस पर 10 हजार रुपए का जुर्माना लगाया है। यह कार्रवाई एसपी अंकित सोनी के निर्देशन में शहर के प्रमुख चौराहों पर चलाए गए विशेष चेकिंग अभियान के दौरान की गई। ट्रैफिक टीआई अजय प्रताप सिंह ने बताया कि एसपी अंकित सोनी, एएसपी मानसिंह ठाकुर और डीएसपी (यातायात) मुकेश कुमार दीक्षित के मार्गदर्शन में शहर के जज्जी बस स्टैंड, जयस्तंभ चौराहा और हनुमान चौराहा पर सघन वाहन चेकिंग अभियान चलाया गया। इसी दौरान गुर्जर ट्रेवल्स की एक बस को रोका गया। बस की स्वीकृत क्षमता केवल 32 सीट थी, लेकिन उसमें नियमों की खुलेआम अनदेखी करते हुए 70 से 80 यात्री बैठाए गए थे। पुलिस ने इसे यात्रियों की जान के साथ खिलवाड़ मानते हुए बस को जब्त कर थाने में खड़ा करवा दिया। कुल 22 हजार रुपए का शमन शुल्क वसूला थाना प्रभारी ने बताया कि संबंधित बस पर 10 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया है। नियमानुसार जुर्माना भरने के बाद हिदायत देकर बस मालिक को सुपुर्द की जाएगी। इसके अलावा अभियान के दौरान क्षमता से अधिक सवारी भरने वाले अन्य वाहनों पर भी कार्रवाई की गई। पुलिस ने इस दौरान कुल मिलाकर 22 हजार रुपए का शमन शुल्क वसूल किया। ‘लापरवाही बन सकती है बड़े हादसे का कारण’ टीआई अजय प्रताप सिंह ने कहा, “क्षमता से अधिक सवारी भरकर बस चलाना केवल नियमों का उल्लंघन नहीं, बल्कि हर यात्री के जीवन को खतरे में डालने जैसा गंभीर अपराध है। सड़क पर चलने वाला हर व्यक्ति किसी का बेटा, बेटी, मां या पिता होता है, उसकी सुरक्षा हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है। एक छोटी-सी लापरवाही कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है, जिसका खामियाजा निर्दोष परिवारों को भुगतना पड़ता है।” बस ऑपरेटरों को सख्त हिदायत पुलिस ने स्पष्ट किया है कि बसों की निरंतर जांच आगे भी जारी रहेगी। सभी बस संचालकों और ड्राइवरों को सख्त हिदायत दी गई है कि वे क्षमता से अधिक सवारी न बैठाएं। साथ ही वाहन की फिटनेस, परमिट और अन्य जरूरी दस्तावेज साथ रखें। नियमों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ आगे भी कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।


