खेल जुनून, नेतृत्व व विजय की मानसिकता का प्रतीक : डीआई

सिटी रिपोर्टर | बोकारो बीएसएल के मानव संसाधन ज्ञानार्जन विभाग द्वारा शनिवार को प्रशिक्षुओं के लिए वार्षिक खेल-कूद प्रतियोगिता का आयोजन में किया गया। इसमें वर्ष 2024-25 और 2025-26 बैच के प्रबंधन प्रशिक्षु (तकनीकी), इंजीनियरिंग एसोसिएट प्रशिक्षु, कनीय इंजीनियरिंग एसोसिएट प्रशिक्षु और तकनीकी एसोसिएट प्रशिक्षुओं ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्य अतिथि निदेशक प्रभारी प्रिय रंजन, अधिशासी निदेशक (मानव संसाधन) बनर्जी राजश्री और अधिशासी निदेशक (संकार्य) अनूप कुमार दत्त ने किया। इस खेल-कूद प्रतियोगिता में कुल 296 प्रतिभागियों ने अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन किया, इनमें 266 पुरुष और 30 महिला प्रशिक्षु शामिल थीं। कार्यक्रम में प्रशिक्षुओं ने मार्च पास्ट प्रस्तुत किया। प्रतियोगिता के दौरान वरिष्ठ अधिकारियों ने खेल-कूद को अनुशासन का पर्याय बताया और सभी प्रशिक्षुओं को एथलेटिक मीट में सक्रिय रूप से भाग लेने हेतु प्रोत्साहित किया। कार्यक्रम का सफल संचालन एवं समन्वयन सहायक महाप्रबंधक (मानव संसाधन ज्ञानार्जन एवं विकास) अमित आनंद ने किया। निदेशक प्रभारी ने खिलाड़ियों कहा कि खेल केवल सहभागिता का विषय नहीं है, बल्कि यह जुनून, नेतृत्व और विजय की मानसिकता का प्रतीक है। उन्होंने जोर दिया कि जब कोई खिलाड़ी इसी भावना से खेलता है, तभी वह स्वयं के साथ अपनी टीम को भी सफलता के शिखर पर ले जा पाता है। राजश्री बनर्जी ने टीम भावना पर बल देते हुए कहा कि व्यक्तिगत उत्कृष्टता अत्यंत आवश्यक है, किंतु जब यही उत्कृष्टता साझा लक्ष्यों की दिशा में संगठित होती है, तभी वह सामूहिक सफलता का ठोस आधार बनती है। महिला व पुरूष वर्ग के लिए अलग-अलग प्रतियोगिता आयोजित प्रतियोगिता के दौरान पुरुष वर्ग के लिए 100 मीटर और 200 मीटर दौड़, 100×4 मीटर रिले रेस, शॉटपुट, डिस्कस थ्रो तथा टग ऑफ वॉर जैसी विभिन्न स्पर्धाएं आयोजित की गईं। वहीं महिला वर्ग में 50 मीटर और 100 मीटर दौड़, शॉटपुट, डिस्कस थ्रो, मार्बल स्पून रेस, सुई-धागा रेस, म्यूजिकल चेयर एवं टग ऑफ वॉर मुख्य आकर्षण रहे। यह वार्षिक खेल आयोजन प्रशिक्षुओं में परस्पर संवाद, आत्म-प्रेरणा तथा कार्यस्थल पर अनुशासन विकसित करने की दिशा में एक प्रभावी पहल है। इस प्रकार की गतिविधियां प्रशिक्षुओं में टीम वर्क की भावना को प्रगाढ़ करती हैं, जो भविष्य में संयंत्र के सुरक्षित संचालन, उच्च गुणवत्तापूर्ण उत्पादन और बेहतर उत्पादकता सुनिश्चित करने में अत्यंत सहायक सिद्ध होंगी। हमें हमेशा ऐसी प्रतियोगिताएं कराते रहना चाहिए।

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