भास्कर न्यूज | महासमुंद महासमुंद नगर के स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट शासकीय आदर्श उच्चतर हिंदी माध्यमिक विद्यालय के सभागार में 11वीं के विद्यार्थियों ने कक्षा 12वीं के विद्यार्थियों के लिए विदाई समारोह का आयोजन कर विदाई दी। इस मौके पर छात्र-छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए । सभी ने अपने शैक्षणिक जीवन के अनुभव किया। इस अवसर पर चमन लाल चंद्राकार ने विद्यार्थियों से कहा कि स्कूल जीवन सबसे अच्छा जीवन होता है। इसमें अनुशासन सीखकर विद्यार्थी अपने जीवन में उतारते है। पढ़ाई के साथ अन्य गतिविधियों में भी भाग लेकर कई क्षेत्रों के विशेषज्ञ बनते हैं। स्कूली जीवन में ही बच्चें अपने जीवन का लक्ष्य तैयार कर लेते हैं और उसे पूरा करने के लिए संघर्ष करते है। संघर्ष के बाद वे अपने लक्ष्य को प्राप्त करते हैं। परिवर्तन संसार का नियम है। आज आप लोग भी स्कूल लाइफ से कॉलेज में जा रहे हैं। बच्चें से युवा हो गए है। अंत में उन्होंने सभी को आगामी परीक्षा के लिए शुभकामनाएं दी। इस दौरान संस्था प्रमुख ने बोर्ड परीक्षा में बेहतर परिणाम लाने व उज्जवल भविष्य के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरणादायक बातें बताई। आभार प्रदर्शन करते हुए चमन लाल चंद्राकार ने समस्त विद्यार्थियों को उनके कार्यों के लिए शुभकामनाएं दी। नेक कार्यों से श्रेष्ठ की सीढ़ी को छूते हुए देश के नाम को रोशन करने की बातें कहीं। इस कार्यक्रम में कक्षा 11वीं के विद्यार्थियों ने पूरे स्कूल में सजावट किया था जो समारोह की आकर्षण का केंद्र बनी रही। इस कार्यक्रम में 12वीं के विद्यार्थियों में मिस्टर फेयरवेल चूडामणि साहू व मिस फेयरवेल आशा साहू बनी। इस मौके पर अदिति चन्द्राकर, तनिशा मोहती, हिमेश चक्रधारी, वेद प्रकाश आर्य, एम डी वर्मा, भेष लाल ठाकुर, हेमंत डडसेना व अन्य रहे। इस मौके पर मुख्यअतिथि संस्था प्रमुख हेमेंद्र आचार्य ने बच्चों को सफलता के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि सफलता उन्हीं लोगों को चुनती है जो संघर्ष और मेहनत करते है। अभी आप सभी मेहनत करेंगे तो कल आप सभी जरूर सफल होंगे। जीवन में निरंतर आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हुए उन्होंने कहा कि हार को स्वीकार करना सीख लो, हार का मतलब और अधिक मेहनत करना है न कि छोड़ देना। सभी को विदाई दी।


