स्थानीय हार्वेस्ट टेनिस अकादमी जस्सोवाल में दूसरी एशियन सॉफ्ट टेनिस चैंपियनशिप के तीसरे दिन भारतीय टीम ने एक गोल्ड और एक सिल्वर मेडल जीत लिया है। इससे पहले वीरवार को भारतीय खिलाड़ियों ने ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया था। कुल मिलाकर भारत ने अब तक इस टूर्नामेंट में एक गोल्ड समेत कुल तीन मेडल जीते हैं। रोचक पहलू यह है कि इन तीन में दो मेडल में पंजाब के लुधियाना के खिलाड़ियों का योगदान रहा। अंडर-21 में ओम यादव व वंश की टीम ने गोल्ड जबकि लुधियाना के रहने वाले सहजप्रीत व अरमान की टीम ने ब्रॉन्ज मेडल जीता। अंडर-15 में लुधियाना के अयाली खुर्द के रहने वाले जयवंत सिंह और हरियाणा यज मलिक ने सिल्वर मेडल जीता। शनिवार को सिंगल के मुकाबले होंगे। करियर की चाह में सॉफ्ट टेनिस शुरू किया, अब तक कुल 10 मेडल मिले, इनमें दो इंटरनेशनल “मुझे शुरू से ही स्पोर्ट्स का शौक था। तो मैने स्कूल में फुटबॉल की गेम शुरू की और अंडर-12 का फुटबॉल कैंप भी लगाया। तभी 2020 में कोविड आ गया। स्कूलों के साथ साथ ग्राउंड भी बंद कर दिए गए और लॉकडाउन लग गया। जिसके बाद घर पर रहने के लिए मैं मजबूर हो गया। इस दौरान फिटनेस पर कोई काम नहीं हो पा रहा था। 2021 में धीरे-धीरे कर लॉकडाउन हटा। तो घर के पास एक लॉन टेनिस की अकादमी में प्रवेश ले लिया और वहीं पर लॉन टेनिस खेलना शुरू कर दिया। लेकिन इसमें कैरियर बनता नजर नहीं आ रहा था। विकल्प के तौर पर फिर से गम बदलने की सोच रहा था। आखिरकार 2025 में मैंने सॉफ्ट टेनिस शुरू कर दिया। कड़ी मेहनत की। एक साल में ही परिणाम सामने आने लगे हैं। जिसमें सब जूनियर में आठ मेडल और दो इंटरनेशनल मेडल आ गए। मैं घर के पास ही कोर्ट में कोच कुलदीप सिंह की देखरेख में अभ्यास करता हूं। पिता हरवीर सिंह ग्रेवाल बिजनेस मैन है और मां अमनजोत कौर हाउस वाइफ है।” -जैसा जयवंत सिंह ने बताया


