उदयपुर में बड़गांव सेटेलाइट हॉस्पिटल के डॉक्टर अशोक शर्मा को एपीओ करने के बाद शनिवार को स्थानीय ग्रामीण विरोध पर उतर आए। हॉस्पिटल के बाहर एकत्रित होकर उन्होंने प्रदर्शन किया। स्कूली बच्चे ‘सपोर्ट डॉ अशोक शर्मा’ लिखी तख्तियां लेकर खड़े थे। ग्रामीणों का कहना था कि राजनीतिक द्वेषता के कारण डॉक्टर को एपीओ किया है। अगर वे गलत हैं और उन्होंने लापरवाही की है तो विभाग इसे साबित करे। वहीं, डॉ शर्मा ने अपने इंस्टा अकाउंट पर शनिवार को फिर एक वीडियो पोस्ट की है जिसमें उन्होंने स्थानीय नेता और अफसरों पर निशाना साधते हुए कहा- ‘जयपुर में बैठे अधिकारियों को समझना पड़ेगा कि सिस्टम के अंदर खामियां हैं। अच्छा काम नहीं करने देते। नीचे छोटे दर्जे के नेताओं से लेकर लोकल अधिकारियों की चेन बनी हुई है। उपर के नेताओं को खबर तक नहीं लगती’। बीजेपी पदाधिकारियों ने की थी शिकायत
करीब 4 दिन पहले उदयपुर के बीजेपी पदाधिकारियों ने CM से भी डॉक्टर की शिकायत कर हटाने की मांग थी। उसके 2 दिन भी बाद ही डॉ शर्मा पर APO करने की कार्रवाई हुई। ऐसे में बीजेपी नेताओं की शिकायत से भी जोड़कर इसे देखा जा रहा है। डॉ शर्मा के इंस्टाग्राम पर 3 लाख से ज्यादा फॉलोवर हैं। वे अक्सर हॉस्पिटल में मरीजों के इलाज से जुड़े रील पोस्ट करते रहते हैं। ऐसे में उनके खिलाफ रील बनाने को लेकर भी कार्रवाई की वजह मानी जा रही है। सीएमएचओ बोले- डॉक्टर के खिलाफ जांच रिपोर्ट तैयार
सीएमएचओ डॉ. अशोक आदित्य ने बताया कि डॉ अशोक शर्मा के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश मिले थे। जिला स्तरीय अधिकारी के निर्देशन में 4 सदस्यीय टीम ने जांच रिपोर्ट तैयार की है जिसे जयपुर मुख्यालय भेजा जाएगा। जहां से आवश्यक कार्रवाई होगी। सीएमएचओ ने बताया कि डॉक्टर अशोक शर्मा के खिलाफ अपनी ड्यूटी के प्रति लापरवाही बरतने और समय पर हॉस्पिटल नहीं पहुंचने जैसी शिकायतें मिल रही थी। जिसके चलते इन्हें एपीओ किया गया।


