नारी के बिना यह संसार अधूरा है: साध्वी अनु भारती

भास्कर न्यूज | अमृतसर दिव्य ज्योति जागृति संस्थान ने वेरका बाईपास पर आश्रम में लोहड़ी पर्व मनाया। इस मौके पर साध्वी अनु भारती ने भ्रूण हत्या के प्रति जागरूकता भरा संदेश दिया। उन्होंने कहा कि भारत वह देश है, जहां सदियों से नन्ही कन्याओं की पूजा की परंपरा रही है। इस पवित्र भूमि ने बेटी शब्द के लिए अपनी सारी ममता, संवेदनाएं और आदर अर्पित किए हैं, लेकिन आज ऐसा लगता है कि यह गौरवशाली परंपरा खतरे में पड़ गई है। आंगन की शोभा, बेटियां, कहीं खोए जा रही हैं। नारी के बिना यह संसार अधूरा है। वह देश की आधी आबादी है और यदि नारी नहीं होगी, तो देश का अस्तित्व भी नहीं होगा। इसलिए बेटियों को कभी बोझ न समझें। साध्वी ने यह भी बताया कि लोहड़ी का पर्व आध्यात्मिक संदेश भी देता है। लोहड़ी की अग्नि में डाले जाने वाले तिल हमें यह सिखाते हैं कि जब जीवन में गुरु का आगमन होता है, तो वह ब्रह्मज्ञान प्रदान करता है। इस ज्ञान के माध्यम से साधक अपनी साधना की अग्नि में बुरे कर्मों को भस्म कर सकता है। लोहड़ी का त्योहार प्रेम का प्रतीक है, लेकिन सच्चा प्रेम मोह से मुक्त होता है। जहां मोह है, वहां प्रेम नहीं हो सकता। ईश्वर के साथ सच्चा प्रेम तभी संभव है जब उसका अनुभव और दर्शन किया जाए। आत्मज्ञान के माध्यम से ही ईश्वर का साक्षात्कार संभव है। इस मौके पर आश्रम में लोहड़ी का भुग्गा जलाकर पर्व मनाया।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *