जामताड़ा जिले के नाला प्रखंड अंतर्गत दलाबड़ पंचायत में एक महत्वपूर्ण सड़क पूरी तरह जर्जर हो गई है। यह सड़क सदर गांव को आंगनबाड़ी केंद्र, प्राथमिक विद्यालय और प्रखंड मुख्यालय से जोड़ती है। ग्रामीण वर्षों से इसके पक्के निर्माण की मांग कर रहे हैं, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। इस मार्ग का उपयोग आंगनबाड़ी और प्राथमिक विद्यालय के छोटे बच्चे प्रतिदिन करते हैं। इसके अतिरिक्त, पंचायत सचिवालय, प्रखंड मुख्यालय और वन विभाग कार्यालय जाने वाले ग्रामीणों के लिए भी यह मुख्य रास्ता है, जिससे उनकी परेशानी काफी बढ़ गई है। बरसात के दिनों में सड़क पर जगह-जगह गहरे गड्ढे बन जाते हैं, जिससे यह नाली जैसी स्थिति में बदल जाती है। सड़क के बिल्कुल पास स्थित तालाब के कारण दुर्घटना का खतरा भी बना रहता है। बारिश में मिट्टी बह जाने के कारण सड़क की हालत हो रही खराब ग्रामीणों के अनुसार, लगभग 5-6 साल पहले इस सड़क का निर्माण मिट्टी-मोरम डालकर किया गया था। हालांकि, हर साल बारिश में मिट्टी बह जाने के कारण सड़क की हालत खंडहर जैसी हो गई है। दलाबड़, आमलाजोड़ा, सुड़ियापानी, पायराखोप और रघुनाथचक सहित कई गांवों के लगभग 300-400 लोग प्रतिदिन इसी 2 किलोमीटर लंबी सड़क का उपयोग कर प्रखंड मुख्यालय तक पहुंचते हैं। स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने कई बार प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से पक्की सड़क बनाने की मांग की है, लेकिन उनकी गुहार अनसुनी रही। प्रदीप कुमार घोष और राजीव कुमार घोष जैसे ग्रामीणों ने मौजूदा स्थिति को अत्यंत खराब बताते हुए तत्काल निर्माण कार्य की आवश्यकता पर जोर दिया है। ग्रामीणों को जल्द ही इस समस्या का समाधान मिलेगा: मुखिया इस संबंध में दलाबड़ पंचायत की मुखिया साविका सोरेन ने कहा कि ग्राम विकास योजना के तहत सड़क निर्माण का प्रस्ताव लिया जाएगा और ग्रामीणों को जल्द ही इस समस्या का समाधान मिलेगा। ग्रामीणों ने एक बार फिर प्रशासन से जल्द से जल्द सड़क को पक्की बनाने की अपील की है।


